
Navratri Day 6 Bhog: नवरात्रि का छठा दिन शक्ति की देवी मां कात्यायनी को समर्पित है। सुनहरे रंग और चार भुजाओं वाली देवी का यह स्वरूप शत्रुओं का नाश करने वाला माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मां कात्यायनी को गुड़ और शहद से बनी चीजें अत्यंत प्रिय हैं। आज के दिन भक्त उन्हें गुड़ का हलवा अर्पित कर मनचाहा आशीर्वाद प्राप्त कर सकते हैं।
चैत्र नवरात्रि के छठे दिन भक्त लाल या पहनकर मां कात्यायनी की आराधना करते हैं। महर्षि कात्यायन की पुत्री होने के कारण इनका नाम कात्यायनी पड़ा। देवी का यह स्वरूप न केवल साहस का प्रतीक है बल्कि कुंवारी कन्याओं के लिए मनचाहा वर दिलाने वाला भी माना जाता है। ब्रज की गोपियों ने भगवान कृष्ण को पाने के लिए इन्हीं की उपासना की थी।
क्यों चढ़ाया जाता है गुड़ का भोग
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार बृहस्पति (गुरु) ग्रह को नियंत्रित करती हैं। गुड़ का भोग लगाने से कुंडली में गुरु की स्थिति मजबूत होती है जिससे करियर और वैवाहिक जीवन की बाधाएं समाप्त होती हैं। गुड़ की मिठास और शुद्धता जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती है। इस खास अवसर पर आप गुड़ से तैयार किया गया हलवा झटपट बना सकती हैं।
आवश्यक सामग्री
- सूजी (रवा)- 1 कप
- गुड़ (बारीक कटा हुआ)- 1 कप
- शुद्ध देसी घी- आधा कप
- पानी- 3 कप
- हरी इलायची पाउडर- आधा छोटा चम्मच
- कटे हुए ड्राई फ्रूट्स- काजू, बादाम और किशमिश
बनाने की विधि
- सबसे पहले एक बर्तन में 3 कप पानी और गुड़ डालकर गर्म करें। जब गुड़ पूरी तरह घुल जाए, तो इसमें इलायची पाउडर डालें और गैस बंद कर दें। इस मिश्रण को छान लें ताकि अशुद्धियां निकल जाएं।
- एक कड़ाही में घी गर्म करें। अब इसमें सूजी डालें और मध्यम आंच पर तब तक भूनें जब तक कि वह गोल्डन ब्राउन न हो जाए और अच्छी खुशबू न आने लगे।
- सूजी भुनने के दौरान ही कटे हुए ड्राई फ्रूट्स डाल दें ताकि वे भी घी में हल्के रोस्ट हो जाएं।
- अब आंच धीमी करें और गुड़ वाला पानी धीरे-धीरे सूजी में डालें। इसे लगातार चलाते रहें ताकि गांठें न पड़ें।
- हलवे को तब तक पकाएं जब तक सूजी सारा पानी सोख न ले और घी किनारों से अलग न होने लगे। ऊपर से एक चम्मच घी और डालें जिससे हलवे में शानदार चमक आएगी।
पूजा के बाद को माता रानी को अर्पित करें और फिर प्रसाद के रूप में परिवार में बांटें। विशेषज्ञों का मानना है कि सच्चे मन से की गई यह भेंट साधक को आरोग्य और यश की प्राप्ति कराती है।



