
India Post Restructuring Policy: डाक विभाग में होने जा रहा एक बड़ा बदलाव केरल के लोगों की टेंशन बढ़ा दे रहा है. राज्य में लगभग 150 पोस्ट ऑफिस बंद करने की तैयारी की जा रही है, जिससे आम लोगों की चिंता बढ़ गई है. इस फैसले का असर सिर्फ डाक सर्विस तक ही नहीं सीमित रहेगा बल्कि पिन कोड भी बदलने की नौबत भी आ सकती है. अगर ऐसा हुआ तो आधार कार्ड, पासपोर्ट और वोटर आईडी जैसे जरूरी दस्तावेजों में बदलाव करना पड़ सकता है जिसको लेकर लोग असमंजस में हैं. डाक विभाग में बड़े स्तर पर हो रहे बदलाव को लेकर केरल के लोग चिंता में हैं. सरकार की नई नीति के तहत केरल में करीब 150 पोस्ट ऑफिस बंद किए जाने की तैयारी है. जिनमें से 36 पोस्ट ऑफिस पहले ही बंद किए जा चुके हैं.
क्यों बंद हो रहे हैं पोस्ट ऑफिस?
पोस्टल एक्ट में संशोधन के बाद सरकार उन डाकघरों को बंद कर रही है जो एक दूसरे से बहुत ही कम दूरी पर हैं. नए नियम के अनुसार शहरी क्षेत्रों में अगर 2 किलोमीटर के दायरे में एक से ज्यादा पोस्ट ऑफिस हैं, तो उन्हें मर्ज या शिफ्ट किया जा रहा है. वहीं ग्रामीण इलाके में यही दूरी 5 किलोमीटर रखी गई है. इसको लेकर विभागों के अधिकारियों का कहना है कि इसका मकसद डाक सर्विस को बेहतर बनाना और उन इलाकों में नए डाकघर बनाना है जहां अभी तक कोई सुविधा नहीं है.
PIN Code को लेकर बढ़ा तनाव
आम लोगों के बीच सबसे बड़ी चिंता एड्रेस और पिन कोड को लेकर है. आधार, पासपोर्ट और वोटर आईडी जैसे जरूरी डॉक्यूमेंट्स में पिन कोड सबसे जरूरी होता है.
क्या आपको अपना पिन कोड बदलना होगा?
अगर सिर्फ नॉन-डिवरी जहाँ डाकिया नहीं बैठता या ब्रांच पोस्ट ऑफिस बंद होते हैं तो उन इलाकों के पिन कोड में कोई बदलाव नहीं होगा. लेकिन अगर सब-पोस्ट ऑफिस बंद होता है तो उससे जुड़े पूरे इलाके का पिन कोड बदल जाएगा. ऐसी स्थिति में लोगों को अपने सभी सरकारी दस्तावेजों में पता अपडेट करवाना होगा.
डाक विभाग के कर्मचारियों और संगठनों ने इस फैसले के खिलाफ विरोध करना शुरू कर दिया है. उनका आरोप है कि विभाग मुनाफे में चल रहे डाकघरों को भी घाटे का बताकर बंद कर रहा है. फिलहाल अधिकारियों का कहना है कि पिन कोड बदलने पर कोई अंतिम गाइडलाइन जारी नहीं हुई है जिससे लोगों में असमंजस बना हुआ है.



