
Prakash Raj Birthday Special: भारतीय सिनेमा के दिग्गज अभिनेता प्रकाश राज का जन्म 26 मार्च 1965 को हुआ था। प्रकाश राज आज अपना 61वां जन्मदिन मना रहे हैं। प्रकाश राज ने अपनी दमदार एक्टिंग से हर तरह के किरदारों में जान डाली है। चाहे खूंखार विलेन हो या फिर इमोशनल पिता का रोल, उन्होंने हर भूमिका में अपनी अलग छाप छोड़ी है।
सिंघम में निभाया गया ‘जयकांत शिखरे’ का किरदार आज भी दर्शकों के जेहन में बसा हुआ है। इस रोल के लिए प्रकाश राज ने अपनी बॉडी लैंग्वेज और एक्सप्रेशन को खुद इम्प्रोवाइज किया, जिसने उनके किरदार को और भी खतरनाक और यादगार बना दिया। प्रकाश राज का असली नाम प्रकाश राय है। फिल्मों में आने के बाद उन्होंने अपना नाम बदलकर ‘प्रकाश राज’ रख लिया।
कई भाषाओं में बनाई पहचान
फिल्मी बैकग्राउंड न होने की वजह से उन्हें काफी संघर्ष करना पड़ा। एक समय ऐसा था जब वह काम की तलाश में पैदल ही एक स्टूडियो से दूसरे स्टूडियो तक जाते थे। अभिनय की शुरुआत उन्होंने थिएटर से की, जहां उन्हें महज 300 रुपये महीने की कमाई होती थी। कन्नड़ भाषी होने के बावजूद प्रकाश राज ने तमिल, तेलुगू और मलयालम फिल्मों में भी काम किया। शुरुआती दिनों में भाषाओं को लेकर दिक्कतें आईं, लेकिन उन्होंने हर भाषा को बारीकी से सीखा और आज खुद अपनी फिल्मों की डबिंग करते हैं।
बॉलीवुड में भी दिखाया दम
प्रकाश राज को तमिल फिल्म ‘ड्युएट’ से बड़ा ब्रेक मिला। इसके बाद ‘घिल्ली’, ‘पोकिरी’ और ‘ओक्काडु’ जैसी फिल्मों में उनके निगेटिव रोल ने उन्हें साउथ सिनेमा का बड़ा विलेन बना दिया। हिंदी सिनेमा में उन्होंने वॉन्टेड से एंट्री की और फिर ‘सिंघम’, ‘दबंग 2’ और ‘हीरोपंती’ जैसी फिल्मों में अपने खलनायक अवतार से दर्शकों को प्रभावित किया। उनकी दमदार स्क्रीन प्रेजेंस ने उन्हें बॉलीवुड में भी खास पहचान दिलाई।
इमोशनल किरदारों में भी जीता दिल
ने सिर्फ विलेन के रूप में ही नहीं, बल्कि गंभीर और इमोशनल किरदारों में भी दर्शकों का दिल जीता। तमिल फिल्म ‘अभियुम नानुम’ और तेलुगू फिल्म ‘आकाशमन्ता’ में उन्होंने एक समर्पित पिता का किरदार निभाया। वहीं फिल्म ‘धोनी’ में भी उनके अभिनय ने दर्शकों को भावुक कर दिया। संघर्ष से शुरू हुआ उनका सफर आज उन्हें के सबसे बहुमुखी अभिनेताओं में शामिल करता है।



