
अमेरिका का एक पुराना मामला एक बार फिर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसमें एक महिला कर्मचारी ने अपनी बॉस की जान बचाने के लिए किडनी दान करने की प्रक्रिया में हिस्सा लिया था। लेकिन बाद में महिला ने आरोप लगाया कि इस मानवीय कदम के बावजूद उसे सम्मान या सहयोग मिलने के बजाय नौकरी से निकाल दिया गया।
रिपोर्टों के अनुसार, यह मामला साल 2011 का है और इसमें कर्मचारी डेबी स्टीवंस (Debbie Stevens) तथा उनकी बॉस जैकी ब्रूसिया (Jackie Brucia) का नाम सामने आया था।
बताया जाता है कि डेबी की किडनी उनकी बॉस से सीधे मैच नहीं हुई। इसके बावजूद उन्होंने पीछे हटने के बजाय पेयर्ड किडनी एक्सचेंज (Paired Kidney Exchange) कार्यक्रम में भाग लिया। इस व्यवस्था के तहत डेबी ने अपनी किडनी एक अन्य मरीज को दान की, जबकि डोनर चेन के जरिए उनकी बॉस को किसी दूसरे उपयुक्त दाता की किडनी मिल गई। इस प्रक्रिया के बाद बॉस का सफल किडनी ट्रांसप्लांट हो सका।
हालांकि, डेबी ने बाद में आरोप लगाया कि ऑपरेशन के बाद स्वास्थ्य संबंधी कारणों से उन्हें छुट्टियां लेनी पड़ीं। इसी दौरान उन्हें कार्यस्थल पर प्रताड़ना का सामना करना पड़ा और अंततः यह कहते हुए नौकरी से निकाल दिया गया कि वे लंबे समय तक काम से अनुपस्थित रहती हैं।
यह मामला बाद में अदालत तक पहुंचा। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दोनों पक्षों के बीच अंततः गोपनीय (Confidential) समझौता हुआ, जिसके बाद कानूनी विवाद समाप्त हो गया। समझौते की शर्तें सार्वजनिक नहीं की गई थीं।
सोशल मीडिया पर यह मामला फिर से चर्चा में आने के बाद लोग अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। कई यूजर्स इसे मानवीय संवेदनाओं से जुड़ा मामला बताते हुए कर्मचारी के साथ सहानुभूति जता रहे हैं, जबकि कुछ लोगों का कहना है कि मामले से जुड़े सभी कानूनी और तथ्यात्मक पहलुओं को भी ध्यान में रखा जाना चाहिए।