
लखनऊ। कैसरबाग इलाके में हुए गोलीकांड मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी अधिवक्ता और उसके साथी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी कैफे संचालक भी है। दोनों आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल की गई लाइसेंसी रिवॉल्वर बरामद कर ली गई है। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। पुलिस ने दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
कैफे संचालक अधिवक्ता और साथी गिरफ्तार
कैसरबाग थाना प्रभारी अंजनी कुमार मिश्रा के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों में मो. सिराज और उसका साथी लाला उर्फ राहुल उर्फ देवेंद्र प्रताप सिंह शामिल हैं। मो. सिराज ठाकुरगंज क्षेत्र के सरायमाली खां का रहने वाला है, जबकि राहुल उर्फ लाला कानपुर रोड स्थित एलडीए कॉलोनी का निवासी है। पुलिस ने आरोपियों के पास से लाइसेंसी रिवॉल्वर के अलावा एक खोखा और पांच कारतूस भी बरामद किए हैं।
रास्ता रोककर विवाद के बाद हुई थी फायरिंग
पुलिस के मुताबिक, रविवार देर रात कैसरबाग में हुई घटना को लेकर हर्षित सोनकर की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया था। आरोप है कि रास्ता रोककर गालीगलौज और जातिसूचक टिप्पणी के बाद कैफे संचालक व अधिवक्ता मो. सिराज ने जान से मारने की नीयत से कई राउंड फायरिंग की। इस दौरान अनस नाम के युवक के पैर में गोली लग गई थी।
डायना कैफे विवाद के बाद बढ़ा मामला
पूछताछ में आरोपी मो. सिराज ने पुलिस को बताया कि डायना कैफे में हुए विवाद को शांत कराने के बाद दोनों पक्षों के बीच पायनियर कैफे के पास दोबारा झगड़ा हुआ था। इसी दौरान उसने अपनी लाइसेंसी .32 बोर रिवॉल्वर से फायरिंग कर दी। पुलिस ने मामले में आर्म्स एक्ट की धाराएं भी बढ़ा दी हैं।
अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच जारी
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस मामले में अन्य आरोपियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।