
बरेली, अमृत विचार। ऑल इंडिया रजा एक्शन कमेटी ने उर्से रजवी के दौरान ट्रेन से सफर करने वाले जायरीन की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग उठाई है। कमेटी ने उत्तर रेलवे के डीआरएम को संबोधित एक मांग पत्र बरेली जंक्शन के स्टेशन अधीक्षक को सौंपा है। इसमें कहा कि हाल के दिनों में ट्रेनों में हुलियापहनावा और पहचान के आधार पर आपराधिक घटनाएं देखने को मिली हैं। उलमा और अकीदतमंद भी इसका शिकार बने हैं। यहां तक कि हत्या तक की घटनाएं सामने आईं। इसलिए उर्से रजवी में आने ट्रेन से आने वाले जायरीन की सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया जाए।
गुरुवार को आरएसी के अध्यक्ष मौलाना अदनान रजा कादरी के निर्देश पर एक प्रतिनिधि बरेली जंक्शन पहुंचा। रेलवे अधिकारियों से मुलाकात की। मुरादाबाद डीआरएम को संबोधित मांग पत्र दिया। इससे पहले पूर्वोत्तर रेलवे के अधिकारियों से भी यही मांग की गई थी।
6 से 8 अगस्त तक चलेगा उर्से रजवी
बरेली में आला हजरत का उर्स 6 अगस्त से 8 अगस्त तक माना जाएगा। उर्से रजवी में देशभर से जायरीन बरेली आते हैं। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। अमीने शरीयत का भी उर्स है। आरएसी के मुताबिक, यूपी के विभिन्न जिलों के अलावा महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, बिहार, बंगाल, आंध्र प्रदेश, उत्तराखंड, छत्तीसगढ़, राजस्थान, उड़ीसा, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब समेत अन्य राज्यों से जायरीन बरेली आते हैं। बाहर से आने वाले अधिकांश जायरीन ट्रेन से सफर करके पहुंचते हैं। इसलिए ट्रेनों में अतिरिक्त कोच की व्यवस्था की जाए। ट्रेन से पहुंचने वाले जायरीन की सुरक्षा बेहद जरूरी है। इसके लिए रेलवे सुरक्षा को लेकर एक विशेष हेल्पलाइन शुरू करे। ताकि संकट की घड़ी में यात्री तत्काल हेल्पलाइन पर संपर्क करके मदद हासिल कर सकें।
स्पेशल टिकट विंडो स्थापित करें
इसके अलावा बरेली सिटी, इज्जतनगर रेलवे स्टेशन, बरेली जंक्शन पर विशेष टिकट विंडो बनाई जाएं। उर्स स्थल इस्लामिया मैदान, मथुरापुर, दरगाह आला हजरत परिसर, कांकर टोला में स्पेशल टिकट विंडो स्थापित की जाएं। जिससे यात्रियों को टिकट लेने में असुविधा न हो। स्टेशनों पर पेयजल, टॉयलेट और साफसफाई की बेहतर व्यवस्था की जाए। जिससे बरेली आने वाले जायरीन यहां के बारे में अच्छी यादें लेकर लौटें। चूंकि बरेली स्मार्ट सिटी है, ऐसे में इसकी अच्छी तस्वीर देश भर में जानी चाहिए।
वॉलिंटियर्स की टीम गठित
आरएसी ने उर्से रजवी के दौरान वॉलिंटियर्स की टीम भी गठित की है, जो हर वक्त सक्रिय रहेगी। उर्से रजवी में आने वाले लोग किसी भी मसले पर टीम से संपर्क कर सकते हैं, जो उनकी सेवा में तत्पर रहेगी।
इस मौके पर हाफिज़ इमरान रज़ा, मौलाना कमरुज्जमा, मौलाना सय्यद तौकीर रजा, मौलाना आरिफ रज़ा, मौलाना इमरान बरकती, हाफिज फरमान रज़ा, मौलाना सफदर रज़ा, मौलाना नूर उल हुदा, हाफिज आरिफ रज़ा, मौलाना शाम, मोहम्मद, अब्दुल लतीफ कुरैशी, राजू बाबा, ताज खान, मुजफ्फर अली, मोहम्मद जुनैद, हनीफ अज़हरी, सय्यद मुशर्रफ़ हुसैन, रेहान यार खान मोहम्मद यूसुफ, अमीक रज़ा, इब्ने हसन, मोहम्मद यूसुफ, सय्यद रिज़वान रज़ा, शाहनवाज़ रज़ा, मोहम्मद चांद, रशीद गद्दी, मोहम्मद अहमद, आरिफ रज़ा, माजिद अल्वी, इमरान वारसी, अफजल रज़ा, आदिल रज़ा, तंजीम रज़ा, सय्यद फुरकान, सय्यद नासिर अली, इमरान अल्वी, समी वहाब, माजिद अल्वी, महशर अली, आबिश अली, आफताब हुसैन, गुल हसन, मोहम्मद अकील, निहाल रज़ा, मोहम्मद ताहिर, इमरान रज़ा, इश्तियाक हुसैन, अब्दुल मोइद रज़ा, उस्मान रज़ा, सहित बड़ी तादाद में आरएसी पदाधिकारी वा कार्यकर्ता मौजूद रहे।
ये भी पढ़ें