राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद गठित नई SIT ने जांच तेज कर दी है. IG किरण एस की अध्यक्षता में नई SIT, डीआईजी सोमेन बर्मा और एसएसपी डॉ गौरव ग्रोवर निगरानी कर रहे हैं. आठ आरोपितों के अलावा 200 से ज्यादा लोगों को पुलिस का नोटिस पहुंचा है. आरोपितों के रिश्तेदारों, सहयोगियों और संदिग्धों से भी पूछताछ होगी.

ट्रस्ट के तत्कालीन महासचिव , ट्रस्टी अनिल मिश्रा और गोपाल राव को भी नोटिस भेजा गया है. ट्रस्टियों से दोबारा पूछताछ की तैयारी की जा रही है और कनेक्शन और दस्तावेज खंगाले जा रहे हैं. आरोपितों और संदिग्धों की संपत्ति व बैंक खातों की जांच शुरू हुई है.
फोरेंसिक एक्सपर्ट और वरिष्ठ CA को भी जांच टीम में शामिल किया जाएगा. नई SIT ने पहली SIT की जांच का ऑनलाइन रिव्यू कर लिया.
जांच की कोई कड़ी न छूटे… SIT का फोकस
पुलिस आरोपितों को रिमांड पर लेकर पूछताछ और बरामदगी पहले ही कर चुकी है. SIT का फोकस है कि जांच में कोई कड़ी न छूटे और हर तथ्य की गहन पड़ताल की जाए.
ट्रस्ट के सदस्य महंत दिनेंद्र दास ने कहा कि भक्तों द्वारा दिए गए सोने, चांदी और दूसरे चढ़ावे से जुड़ी कथित गड़बड़ियों की जांच अपने आखिरी स्टेज में पहुंच गई है. उनका यह बयान ट्रस्ट द्वारा चल रही जांच के बीच पारदर्शिता बढ़ाने के उपायों को लागू करके डोनेशन इकट्ठा करने और गिनने पर निगरानी कड़ी करने के कुछ दिनों बाद आया है.
संसद में एक घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए, जिसमें कथित तौर पर राम लला की तस्वीर फर्श पर रखी गई थी, महंत दास ने कड़ी आपत्ति जताई और इसे धार्मिक भावनाओं का अपमान बताया. ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। उन्होंने संसद सदस्यों से धार्मिक आस्था और भगवान राम की तस्वीर का सम्मान करने की अपील की.
इसके अलावा, दास ने बताया कि राम मंदिर में पूजा और दर्शन आसानी से हो रहे हैं, और वैष्णव परंपरा के अनुसार रोज आरती और रस्में हो रही हैं.
दान हैंडलिंग प्रक्रिया में हर चरण की निगरानी
दास ने पहले कहा था कि 25 जुलाई से, दान हैंडलिंग प्रोसेस के हर स्टेज पर — काउंटिंग रूम से खाली बॉक्स हटाने से लेकर उन्हें ट्रांसपोर्ट करने, भरने, सील करने और वापस करने तक — लगातार वीडियोग्राफिक निगरानी हो रही है.
इस प्रक्रिया पर नजर रखने के लिए बैंक कर्मचारियों, ट्रस्ट के प्रतिनिधियों, प्राइवेट सुरक्षा कर्मियों और दूसरे तय स्टाफ़ वाली आठ लोगों की मॉनिटरिंग टीम को तैनात किया गया है. मंदिर कॉम्प्लेक्स में लगे करीब 40 डोनेशन बॉक्स अब एक साथ खाली करने के बजाय अलगअलग दिनों में खाली किए जा रहे हैं.
ट्रस्ट के मुताबिक, पूरी प्रक्रिया को रिकॉर्ड करने के लिए दो प्रोफेशनल वीडियोग्राफर और 360डिग्री कैमरे लगाए गए हैं, जबकि डोनेशन काउंटिंग रूम के अंदर और CCTV कैमरे लगाए गए हैं. स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के अधिकारी दान से भरे बॉक्स काउंटिंग रूम में पहुंचने के बाद उन्हें सील कर देते हैं.
मंदिर के चढ़ावे की कथित चोरी के बाद स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम की जांच शुरू होने के कुछ हफ़्ते बाद यह बढ़ी हुई मॉनिटरिंग शुरू की गई. पुलिस ने इस मामले में कई आरोपियों को गिरफ्तार किया है और जांच चल रही है.