प्रेग्नेंसी में क्यों बढ़ जाती है कैल्शियम की जरूरत? जानिए सही वजह

प्रेग्नेंसी में क्यों बढ़ जाती है कैल्शियम की जरूरत? जानिए सही वजह

प्रेग्नेंसी हर महिला के जीवन का एक अहम चरण होता है. इस दौरान मां के शरीर में कई शारीरिक और हॉर्मोनल बदलाव होते हैं, इसलिए खानपान का विशेष ध्यान रखना जरूरी माना जाता है. संतुलित डाइट न केवल प्रग्नेंट महिला की सेहत को बेहतर बनाए रखने में मदद करती है, बल्कि गर्भ में पल रहे बच्चे के सामान्य विकास के लिए भी जरूरी भूमिका निभाती है. इसी वजह से डॉक्टर प्रेग्नेंसी के दौरान जरूरी पोषक तत्वों से भरपूर डाइट लेने की सलाह देते हैं.

प्रेग्नेंसी में क्यों बढ़ जाती है कैल्शियम की जरूरत? जानिए सही वजह

ऐसा ही एक आवश्यक मिनरल है, जो हड्डियों और दांतों को मजबूत बनाए रखने के साथसाथ मांसपेशियों, नसों और हार्ट के सामान्य कार्यों के लिए भी जरूरी होता है. प्रेग्नेंसी के दौरान कैल्शियम की कमी होने पर मां की हड्डियां कमजोर पड़ सकती हैं और कुछ मामलों में स्वास्थ्य संबंधी जोखिमों का खतरा भी बढ़ सकता है. इसलिए इस पोषक तत्व की पर्याप्त मात्रा लेना जरूरी माना जाता है. आइए जानते हैं कि प्रेग्नेंसी में कैल्शियम की जरूरत क्यों बढ़ जाती है, इसे पूरा करने के लिए क्या खाना चाहिए और सप्लीमेंट लेते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए.

प्रेग्नेंसी में कैल्शियम की जरूरत क्यों बढ़ जाती है?

के अनुसार, प्रेग्नेंसी के दौरान कैल्शियम मां और गर्भ में पल रहे शिशु, दोनों के लिए जरूरी पोषक तत्व है. यह शिशु की हड्डियों और दांतों के सामान्य विकास में अहम भूमिका निभाता है. अगर प्रेग्नेंट महिला को भोजन से पर्याप्त कैल्शियम नहीं मिलता, तो शरीर शिशु की जरूरत पूरी करने के लिए मां की हड्डियों में मौजूद कैल्शियम का उपयोग कर सकता है.

WHO यह भी बताता है कि जिन क्षेत्रों में महिलाओं के डाइट में कैल्शियम की मात्रा कम होती है, वहां प्रेग्नेंसी के दौरान डॉक्टर की सलाह पर कैल्शियम सप्लीमेंट दिए जा सकते हैं. इससे प्रीएक्लेम्पसिया यानी हाई ब्लड प्रेशर से जुड़ी गंभीर गर्भावस्था जटिलता का खतरा कम करने में भी मदद मिल सकती है. इसलिए प्रेग्नेंसी में कैल्शियम की पर्याप्त मात्रा लेना और डॉक्टर की सलाह के अनुसार डाइट या सप्लीमेंट का पालन करना जरूरी माना जाता है.

प्रेग्नेंसी में कैल्शियम की जरूरत पूरी करने के लिए क्या खाएं?

कैल्शियम की जरूरत पूरी करने के लिए डाइट में दूध, दही, पनीर और अन्य डेयरी प्रोडक्ट्स शामिल किए जा सकते हैं. इसके अलावा रागी, तिल, सोया से बनी चीजें, टोफू, बादाम, हरी पत्तेदार सब्जियां जैसे पालक लेकिन संतुलित मात्रा में और फोर्टिफाइड खाने की चीजें भी कैल्शियम के अच्छे सोर्स माने जाते हैं.

संतुलित डाइट लेने से शरीर को कैल्शियम के साथ अन्य जरूरी पोषक तत्व भी मिलते हैं. अगर सिर्फ भोजन से जरूरत पूरी न हो रही हो, तो डॉक्टर की सलाह के अनुसार सप्लीमेंट लिया जा सकता है.

कैल्शियम सप्लीमेंट लेते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?

कैल्शियम सप्लीमेंट हमेशा डॉक्टर की सलाह के अनुसार ही लें. निर्धारित मात्रा से अधिक सप्लीमेंट लेने से बचें. अगर आयरन और कैल्शियम दोनों सप्लीमेंट लेने हों, तो उन्हें एक साथ लेने के बजाय डॉक्टर द्वारा बताए गए अंतराल पर लें, क्योंकि दोनों के एब्जॉर्पशन पर असर पड़ सकता है.

सप्लीमेंट के साथ पर्याप्त पानी पिएं और नियमित जांच के दौरान डॉक्टर से अपनी पोषण संबंधी जरूरतों पर चर्चा करते रहें. संतुलित डाइट के साथ ही सप्लीमेंट का सेवन करना अधिक उपयुक्त माना जाता है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *