महिला एशिया कप 2026 के फाइनल में भारत और श्रीलंका की टीमों के बीच खिताबी मुकाबला होने जा रहा है। Asia Cup 2026 फाइनल से पहले डिफेंडिंग चैंपियन श्रीलंका की कप्तान चमारी अटापट्टू ने भारतीय टीम को लेकर आत्मविश्वास से भरा बयान दिया है।

पाकिस्तान को सेमीफाइनल में चार विकेट से हराकर फाइनल में पहुंची श्रीलंकाई टीम अब लगातार दूसरी बार भारत के सामने खिताब बचाने उतरेगी।
पाकिस्तान के खिलाफ हारा हुआ मैच जीत बढ़ा श्रीलंका का आत्मविश्वास
श्रीलंका की टीम सेमीफाइनल में एक समय मुश्किल स्थिति में थी। पाकिस्तान के खिलाफ टीम ने शुरुआती विकेट गंवाए, लेकिन इसके बाद युवा बल्लेबाजों ने पारी को संभालते हुए मुकाबले का रुख बदल दिया। चार विकेट से मिली जीत ने टीम के आत्मविश्वास को काफी बढ़ाया है।
कप्तान अटापट्टू ने अपनी टीम की युवा बल्लेबाजी इकाई की तारीफ करते हुए कहा कि मुश्किल परिस्थितियों में खिलाड़ियों ने जिस तरह प्रतिक्रिया दी, वह उनके लिए सेमीफाइनल की सबसे सकारात्मक बात रही।
‘हम किसी भी टीम को हरा सकते हैं’
फाइनल से पहले अटापट्टू ने भारतीय टीम को लेकर बड़ा दावा किया। उन्होंने कहा कि श्रीलंका के पास हर्षिता, नीलाक्षिका और कविशा जैसी उपयोगी बल्लेबाज और फिनिशर मौजूद हैं। कप्तान का मानना है कि टीम की गेंदबाजी इकाई भी अच्छी लय में है।
अटापट्टू के मुताबिक अगर उनकी टीम फाइनल में अपनी योजनाओं को सही तरीके से मैदान पर लागू करने में सफल रहती है, तो वह किसी भी विपक्षी टीम को हराने की क्षमता रखती है।
भारत के पास है पिछले फाइनल हार का बदला लेने का मौका
भारत और श्रीलंका के बीच यह फाइनल मुकाबला इसलिए भी खास है क्योंकि दोनों टीमें पिछले एशिया कप के फाइनल में भी भिड़ी थीं। Asia Cup 2024 में श्रीलंका ने भारत को हराकर पहली बार महिला एशिया कप का खिताब अपने नाम किया था। अब भारतीय टीम के पास उस हार का बदला लेने का मौका है।
भारत इस बार टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल तक पहुंचा है, जबकि श्रीलंका भी अब तक अजेय रहा है। भारत की नजर रिकॉर्ड आठवें एशिया कप खिताब पर है, वहीं श्रीलंकाई टीम ट्रॉफी को अपने पास बरकरार रखना चाहेगी।
Asia Cup फाइनल में महत्वपूर्ण होगा स्पिन अटैक
दुबई की परिस्थितियों में स्पिन गेंदबाजों की भूमिका अहम मानी जा रही है। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। ऐसे में भारत की दीप्ति शर्मा और श्रीलंका की स्पिन गेंदबाजी के बीच मुकाबला मैच का रुख तय कर सकता है।
अब देखना होगा कि अटापट्टू की ‘किसी भी टीम को हराने’ वाली चुनौती के सामने भारतीय महिला टीम खिताब अपने नाम कर पाती है या श्रीलंका लगातार दूसरी बार एशिया कप चैंपियन बनता है।