
क्या आपको अक्सर सुबह उठते ही सिर के पिछले हिस्से में भारीपन महसूस होता है, चक्कर आते हैं या बिना वजह बहुत ज्यादा थकान और घबराहट महसूस होती है? अगर हां, तो इन शुरुआती संकेतों को भूलकर भी नजरअंदाज न करें, यह हाई ब्लड प्रेशर (Hypertension) के लक्षण हो सकते है, जिसे मेडिकल साइंस में ‘साइलेंट किलर’ भी कहा जाता है! आज की भागदौड़ भरी जिंदगी, अत्यधिक मानसिक तनाव, शारीरिक निष्क्रियता, जंक फूड का सेवन और डाइट में सोडियम की अधिकता हाई बीपी के मुख्य कारण हैं। जब ब्लड वैसल्स (Arteries) पर खून का दबाव लगातार अधिक बना रहता है, तो इससे दिल और किडनी पर गंभीर असर पड़ता है।
रजिस्टर्ड डायटीशियन ट्रिस्टा चान के मुताबिक (आरडी, एमएचएससी) हाई बीपी को कंट्रोल करने के लिए डाइट में पोटैशियम (Potassium) से भरपूर खाद्य पदार्थों को शामिल करना सबसे असरदार तरीका माना जाता है। पोटैशियम शरीर से अतिरिक्त सोडियम को बाहर निकालकर धमनियों की दीवारों को आराम पहुंचाता है। जब पोटैशियम से भरपूर फलों की बात आती है, तो केला (Banana) और संतरा (Orange) बेस्ट विकल्प हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इन दोनों में से किस फल में ज्यादा पोटैशियम होता है और हाई बीपी के मरीजों के लिए कौन सा फल खाना ज्यादा सुरक्षित और फायदेमंद है? आइए जानते हैं केले और संतरे का न्यूट्रिशनल कंपैरिजन और हाई बीपी में इन्हें खाने का सही तरीका। Also Readरात में हल्दी का दूध पीने से सेहत को कौन-कौन से होते हैं फायदे, आयुर्वेदिक एक्सपर्ट और डॉक्टर से जानिए
ब्लड प्रेशर कंट्रोल करने के लिए केला खाएं या संतरा?
अगर आपको हाई ब्लड प्रेशर यानी हाइपरटेंशन है, तो हेल्दी डाइट का सेवन कर ब्लड प्रेशर को मैनेज कर सकते हैं। बीपी कंट्रोल करने के लिए डाइट में फलों को शामिल करना अच्छा तरीका है। केला और संतरा दोनों ही पोषक तत्वों से भरपूर फल हैं, लेकिन ब्लड प्रेशर और दिल की सेहत के लिहाज से दोनों के फायदे अलग-अलग हो सकते हैं। ब्लड प्रेशर को नॉर्मल रखने के लिए केला का सेवन असरदार साबित होता है। इसमें मौजूद पोटैशियम ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में अहम भूमिका निभाता है। यह रक्त वाहिकाओं को रिलैक्स करने में मदद करता है और शरीर से अतिरिक्त सोडियम को बाहर निकालता है। शरीर में सोडियम की अधिक मात्रा ब्लड प्रेशर बढ़ा सकती है। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। एक केले में लगभग 375 मिलीग्राम पोटैशियम पाया जाता है, जो वयस्कों के लिए रोजाना की जरूरत का करीब 8 प्रतिशत है। वहीं, एक संतरे में लगभग 232 मिलीग्राम पोटैशियम होता है। अगर हेल्दी डाइट के साथ केला का सेवन किया जाए तो ये बीपी को नॉर्मल रखने में मदद करता है। Also Readकब्ज और गैस से परेशान हैं? डाइट में शामिल करें करेला, एक्सपर्ट से जानिए कैसे ये सब्जी पाचन के लिए साबित होती है अमृत
संतरे में भी हैं दिल के लिए फायदेमंद पोषक तत्व
डायटीशियन के मुताबिक संतरे में केले की तुलना में कम पोटैशियम होता है, लेकिन इसमें दिल की सेहत के लिए उपयोगी कई पोषक तत्व मौजूद होते हैं। संतरा खासतौर पर अपने विटामिन C के लिए जाना जाता है। एक संतरे में करीब 83 मिलीग्राम विटामिन C होता है, जो एक वयस्क की रोजाना की जरूरत का लगभग 91 प्रतिशत पूरा कर सकता है।
विटामिन C एक एंटीऑक्सीडेंट के रूप में काम करता है और कोशिकाओं को नुकसान से बचाने में मदद करता है। कई रिसर्च में ये बात साबित हो चुकी है कि विटामिन C ब्लड प्रेशर कम करने में मदद कर सकता है। संतरे में फ्लेवोनॉयड्स नामक एंटीऑक्सीडेंट प्लांट कंपाउंड भी पाए जाते हैं। ये रक्त वाहिकाओं की कार्यप्रणाली को बेहतर बनाए रखने और ब्लड प्रेशर को नॉर्मल रखने में मदद कर सकते हैं। विटामिन C और फ्लेवोनॉयड्स की मौजूदगी के कारण नियमित रूप से सिट्रस फलों का सेवन दिल के रोग के कम जोखिम से जुड़ा पाया गया है। हालांकि, इस संबंध को बेहतर तरीके से समझने के लिए अभी और रिसर्च की जरूरत है।
क्या बीपी के लिए केला और संतरा में से किसी एक को चुनना चाहिए?
अगर आपका उद्देश्य पोटैशियम का सेवन बढ़ाना है ताकि बीपी नॉर्मल रहे, तो केले को डाइट में शामिल करें। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि संतरे को डाइट से बाहर कर देना चाहिए। केला और संतरा दोनों में ही ऐसे पोषक तत्व मौजूद हैं जो दिल को सेहतमंद रखते हैं। दोनों को DASH डाइट जैसे ऐसे खान-पान के पैटर्न में शामिल किया जा सकता है, जिसका उद्देश्य ब्लड प्रेशर को कंट्रोल रखने में मदद करना है। डायटीशियन ने बताया बीपी नॉर्मल रखने के लिए सिर्फ एक फल पर निर्भर रहने के बजाय अलग-अलग फलों और सब्जियों को डाइट में शामिल करना जरूरी है। इससे शरीर को अलग-अलग प्रकार के विटामिन, मिनरल, फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट मिलते हैं। फलों और सब्जियों से भरपूर डाइट बीपी नॉर्मल रखने में उपयोगी है।
ब्लड प्रेशर के लिए फल खाना क्यों जरूरी है?
बीपी को नॉर्मल रखने के लिए फलों का सेवन असरदार साबित होता है। फलों से भरपूर संतुलित डाइट ब्लड प्रेशर को कंट्रोल रखने में मदद करती है। फलों में एंटीऑक्सीडेंट, फाइबर, विटामिन और मिनरल पाए जाते हैं, जो ओवरऑल हार्ट हेल्थ के लिए फायदेमंद हो सकते हैं। बीपी को नॉर्मल रखने के लिए सिर्फ केला और संतरा ही काफी नहीं है बल्कि आप अपनी डाइट में सेब, नाशपाती, ब्लूबेरी, किशमिश, अंगूर और एवोकाडो जैसे फलों का भी सेवन कर सकते हैं। इसके अलावा, पोटैशियम का सेवन बढ़ाने के लिए खरबूजा, कीवी, खुबानी और सूखे आलूबुखारे जैसे विकल्प भी डाइट में शामिल किए जा सकते हैं।
सिर्फ डाइट नहीं, ये आदतें भी जरूरी
ब्लड प्रेशर को कंट्रोल रखने के लिए केवल फलों पर निर्भर रहना पर्याप्त नहीं है। इसके साथ नियमित शारीरिक गतिविधि, वजन कंट्रोल करना और सोडियम यानी नमक का सेवन सीमित करना भी जरूरी है। अगर आपको हाई ब्लड प्रेशर है, तो डॉक्टर द्वारा बताई गई दवाओं और हार्ट-हेल्थ से जुड़ी सलाह का पालन करना भी जरूरी है।