छात्रों और अभिभावकों के लिए बड़ी खबर! इन 58 स्कूलों पर लगेगा ताला, हर स्कूल पर 1 लाख रुपये का जुर्माना… आखिर शिक्षा विभाग ने क्यों उठाया इतना बड़ा कदम? जानिए पूरी वजह​​

छात्रों और अभिभावकों के लिए बड़ी खबर! इन 58 स्कूलों पर लगेगा ताला, हर स्कूल पर 1 लाख रुपये का जुर्माना… आखिर शिक्षा विभाग ने क्यों उठाया इतना बड़ा कदम? जानिए पूरी वजह​​
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Uttar Pradesh School News: अगर आप उत्तरप्रदेश के आगरा में रहते हैं और आपका बच्चा स्कूल में पढता है तो आपके लिए जरुरी खबर है. यहाँ 58 स्कूलों पर शिक्षा विभाग ने शिकंजा कसा है. इन स्कूलों को बंद करने का आदेश दिया गया है. साथ ही एक-एक लाख रुपए का जुर्माना भी लगाया है. ये ऐसे स्कूल हैं जहाँ बच्चे पढ़ रहे थे और फीस भी ली जा रही थी लेकिन इनके पास कोई विभागीय मान्यता नहीं थी.

अवैध रूप से संचालित हो रही थी स्कूल

जानकारी के मुताबिक़, बेसिक शिक्षा विभाग ने आगरा के ग्रामीण क्षेत्रों में स्कूलों की जांच में कराई थी. जिसमे 58 अमान्य स्कूल मिले. ये ऐसे स्कूल थे जो बिना मान्यता के संचालित हो रहे थे. इन स्कूलों में कक्षा एक से लेकर आठवीं तक बच्चों को पढ़ाया जा रहा था. लेकिन इनके पास कोई मान्यता नहीं थी. काफी समय से यह अवैध रूप से संचालित हो रही थीं.

58 स्कूलों पर कार्रवाई

बेसिक शिक्षा विभाग ने इन स्कूलों के प्रबन्धक – प्रधानाचार्य को नोटिस भेजकर स्पष्टीकरण भी माँगा. लेकिन उनके द्वारा कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया गया. जिसके बाद 58 अमान्य स्कूलों पर कार्रवाई की है. इनमे आगरा, जैतपुर कलां, पिनाहट, शमसाबाद, फतेहपुर सीकरी, अछनेरा, बरौली अहीर और बाह ब्लॉक के स्कूल शामिल हैं.

BEO ने 1-1 लाख का जुर्माना लगाया और बंद करने के दिए निर्देश

बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. राकेश सिंह ने सभी स्कूलों को तुरंत बंद कराने के निर्देश दिए हैं. साथ ही सभी स्कूलों पर 1-1 लाख का जुर्माना लगाया गया है. उन्होंने यह भी कहा है अगर कोई अमान्य स्कूल चलते हुए पाए गए तो उसके खिलाफ FIR समेत कठोर वैधानिक कार्रवाई की जायेगी.

वहीँ, इन स्कूलों में पढ़ रहे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो इसलिए उनका नजदीकी मान्यता प्राप्त स्कूलों में दाखिला कराने के निर्देश दिए हैं. इस सम्बन्ध में बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. राकेश सिंह ने आदेश जारी कर दिया है.

ये रही अमान्य स्कूलों के नाम की लिस्ट

इन नियमों के तहत कार्रवाई

यह कार्रवाई शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 की धारा-18 (5) के तहत की गयी है. कोई व्यक्ति जो मान्यता प्रमाण पत्र अभिप्राप्त किए बिना कोई विद्यालय स्थापित करता है या चलाता है या मान्यता वापिस लेने के पश्चात विद्यालय चलाना जारी रखता है तो उसे एक लाख रूपयें तक का जुर्माना होगा. साथ ही उल्लंघन जारी रहने की स्थिति में, जितने दिन तक यह अवैध संचालन चलता रहेगा, उतने दिनों तक प्रत्येक दिन के हिसाब से 10,000 रुपये का अतिरिक्त जुर्माना देना होगा.

बेसिक शिक्षा अनुभाग-3 लखनऊ दिनांक 26 सितम्बर 2023 के निर्देशानुसार, यदि प्राथमिक अथवा उच्च प्राथमिक विद्यालयों का संचालन बिना किसी मान्यता के किया जा रहा है तो उसका संचालन नियम विरूद्ध एवं अवैधानिक समझा जायेगा. ऐसे विद्यालयों का संचालन को तत्काल प्रतिबंधित करते हुए संबंधित प्रबन्धाधिकरण के विरूद्ध नियमानुसार कार्यवाही भी सुनिश्चित की जाती है.

ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं।

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