राकेश झुनझुनवाला भारत के सबसे चर्चित और सफल शेयर बाजार निवेशकों में से एक थे. उन्हें अक्सर ‘भारत का वॉरेन बफेट’ भी कहा जाता था. आज ही के दिन यानी 14 अगस्त 2022 राकेश झुनझुनवाला इस दुनिया को छोड़कर चले गए थे. उनकी सबसे बड़ी खासियत थी कि वे अच्छी कंपनियों को लंबे समय तक होल्ड करने में विश्वास रखते थे.

दिग्गज निवेशक राकेश झुनझुनवाला को शेयर बाजार में उनकी मजबूत सोच और लंबे समय के निवेश के लिए याद किया जाता है. ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। उनकी ऐसी ही एक कहानी Titan से जुड़ी है, जिसने बाद में उन्हें भारत के सबसे सफल निवेशकों में शामिल कर दिया. झुनझुनवाला ने 2014 में बताया था कि कैसे उन्होंने Titan के शेयर तब खरीदने शुरू किए, जब बाजार में कंपनी को लेकर ज्यादा उत्साह नहीं था. उस समय उनके एक दोस्त ने उन्हें शेयर खरीदने से मना भी किया था.
2 रुपये सस्ते मिले टाइटन के शेयर
झुनझुनवाला ने बताया था कि एक दिन वह अपने ऑफिस में बैठे थे और Titan को शेयर खरीदने के लिए बारे में सोच रहे थे. तभी एक ब्रोकर ने उन्हें फोन किया. ब्रोकर ने कहा कि उसके पास Titan के 5 लाख शेयर हैं और वह इन्हें ₹34 के भाव के बजाय करीब ₹32 में दे सकता है. उस समय शेयर बाजार में तेजी का दौर था और आमतौर पर ऐसे समय में शेयर खरीदने के लिए प्रीमियम देना पड़ता था. लेकिन Titan के शेयर उन्हें कम कीमत पर मिल रहे थे. झुनझुनवाला ने इस बारे में अपने दोस्त लक्षित से बात की. दोस्त ने उन्हें सावधान करते हुए कहा कि Titan के शेयर मत खरीदो, क्योंकि Morgan Stanley के पास करीब 90 लाख शेयर हैं और वह उन्हें बेचने वाला है. ऐसे में बाजार में बहुत सारे शेयर आ सकते हैं. लेकिन झुनझुनवाला ने दोस्त की सलाह के बावजूद अपना फैसला नहीं बदला. उन्होंने कहा कि उनके बैंक खाते में बहुत ज्यादा पैसा भी नहीं था. बावजूद इसके उन्होंने पैसे की व्यवस्था की और Titan के शेयर खरीद लिए.
धीरेधीरे बढ़ाई हिस्सेदारी
झुनझुनवाला ने बताया कि उन्होंने एक साथ बहुत ज्यादा शेयर खरीदने के बजाय धीरेधीरे Titan में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई. शुरुआत में उन्होंने करीब 12.5 लाख शेयर खरीदे. इसके बाद जब शेयर का भाव करीब 4344 रुपये था, तब उन्होंने Titan के तत्कालीन MD भास्कर भट्ट से मुलाकात की. भास्कर भट्ट ने उन्हें कंपनी की रणनीति और भविष्य की योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया. झुनझुनवाला को कंपनी की सोच और कारोबार पर भरोसा बढ़ा. इसके बाद उन्होंने अलगअलग समय पर Titan के शेयर ₹32 से ₹125 तक के भाव में खरीदे.
Titan पर क्यों था इतना भरोसा?
झुनझुनवाला का मानना था कि Titan केवल एक ज्वेलरी कंपनी नहीं है. कंपनी का कारोबार घड़ियों, चश्मों और बाद में परफ्यूम जैसे क्षेत्रों में भी बढ़ रहा था. उनका मानना था कि जैसेजैसे भारत की अर्थव्यवस्था और लोगों की खरीदारी क्षमता बढ़ेगी, Titan को इसका बड़ा फायदा मिलेगा. उन्होंने 2014 में कहा था कि भारत में खपत बढ़ने पर Titan के मार्जिन में काफी सुधार हो सकता है. उस समय कंपनी मुश्किल दौर से गुजर रही थी, लेकिन झुनझुनवाला को भरोसा था कि मजबूत कंपनियां मुश्किल समय के बाद खुद को फिर से मजबूत कर सकती हैं.
आज भी Titan में बड़ी हिस्सेदारी
राकेश झुनझुनवाला के निधन के बाद उनकी पत्नी रेखा झुनझुनवाला Titan में बड़ी हिस्सेदारी रखती हैं. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, उनके पास कंपनी की करीब 5.31% हिस्सेदारी है, जिसकी वैल्यू लगभग ₹24,000 करोड़ बताई जाती है. यह कहानी बताती है कि झुनझुनवाला ने Titan में निवेश सिर्फ शेयर के भाव देखकर नहीं किया था. उन्होंने कंपनी के कारोबार, ब्रांड और लंबे समय के भविष्य पर भरोसा किया था. Titan में उनका निवेश भारतीय शेयर बाजार की सबसे चर्चित निवेश कहानियों में से एक बन गया.