
लखनऊ, अमृत विचार : बहुजन समाज पार्टी से पूर्व स्वास्थ्य मंत्री अनंत कुमार मिश्रा उर्फ ‘अंटू मिश्रा’ को निकाल दिया गया है। यह कार्रवाई बसपा सुप्रीमो मायावती ने की है।
दरअसल, अनंत कुमार मिश्रा उर्फ ‘अंटू मिश्रा’ पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में लिप्त होने का आरोप लगा है। जिसके बाद पार्टी से निष्कासन की कार्रवाई हुई है।
https://twitter.com/Mayawati/status/2087783316904935524?s=20
मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा है कि उत्तर प्रदेश में बीएसपी सरकार में स्वास्थ्य मंत्री रहे अनन्त कुमार मिश्रा उर्फ अन्टू मिश्रा को उनकी पार्टी विरोधी गतिविधियों आदि के फलस्वरूप आज तत्काल प्रभाव से उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है।
वैसे भी अब जबकि ख़ासकर उत्तर प्रदेश में चुनावी माहौल काफी गरमाया हुआ है, पार्टी के सभी स्तर के लोगों को विरोधियों के सभी प्रकार के साम, दाम, दण्ड, भेद आदि हथकण्डों से सावधान रहते हुये अपनी पूरी ईमानदारी व निष्ठा के साथ बीएसपी के अम्बेडकरवादी मिशन को आगामी विधानसभा आमचुनाव में सफल बनाने में पूरे जीजान से लगे रहना है, यही संदेश व अपील भी है।
सत्तापक्ष और विपक्ष पर मायावती ने साधा निशाना
बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने सत्तापक्ष और विपक्ष पर संसद सत्र के दौरान ”अपनेअपने स्वार्थ की लड़ाई लड़ने” का आरोप लगाते हुए बृहस्पतिवार को कहा कि विपक्ष के सदन की कार्यवाही नहीं चलने देने का सरकार अपनी मर्जी से विधेयक पारित करवाकर फायदा उठा रही है। मायावती ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में विदेशी अंशदान संशोधन विधेयक का जिक्र करते हुए कहा, ”सरकार इसे अति महत्वपूर्ण बताकर अन्य विधेयकों की तरह तुरंत पारित कराना चाहती थी मगर विपक्ष के पुरजोर विरोध के चलते उसे बिना चर्चा के संसद की संयुक्त समिति के पास भेज दिया गया।” उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता पक्ष और विपक्ष इस विधेयक का राजनीतिकरण कर रहे हैं। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं।
बसपा प्रमुख ने कहा, ”बेहतर होता यदि विपक्ष कल इस विधेयक को रखने के दौरान संसद को चलने देता और इसकी कमियों को उजागर करता तो उसे पूरा देश जानता, लेकिन इन्होंने संसद को ही अपनी जिद के हिसाब से नहीं चलने दिया।” उन्होंने आरोप लगाया, ”सरकार ने ऐसे अनेक और भी विधेयक विपक्ष द्वारा संसद की कार्यवाही बाधित किये जाने की वजह से मिनटों में ही पारित करा लिये हैं, जिन्हें रोका जाना चाहिये था मगर विपक्ष ने ऐसा नहीं किया, जिसका सरकार अपने पक्ष में पूरा फायदा उठा रही है।”