Quick Samachar: Pune Ketan Agarwal Murder Case: महाराष्ट्र के पुणे में एक युवक की मौत का मामला पहले हादसा माना गया, लेकिन पुलिस जांच में जो सच सामने आया, उसने सभी को हैरान कर दिया. 18 जून को पुणे के रहने वाले केतन विशाल अग्रवाल की लोहागढ़ किले से गिरकर मौत हो गई थी. उस समय उनकी मंगेतर सिया गोयल ने परिजनों को फोन कर बताया था कि केतन पहाड़ी पर घूमने के दौरान फिसलकर नीचे गिर गया है. इसके बाद सुरक्षा कर्मियों और परिजनों की मदद से शव को नीचे लाया गया और मामले में धारा 194 के तहत आकस्मिक मृत्यु दर्ज कर जांच शुरू की गई.

बाली ट्रिप से लेकर लोहागढ़ किले तक… सिया ने कैसे रची मंगेतर केतन की हत्या की साजिश? बॉयफ्रेंड चेतन ने भी दिया साथ​

फरवरी में हुई थी सगाई, शादी की तैयारियां चल रही थीं

पुलिस के अनुसार, केतन अग्रवाल और सिया गोयल की सगाई फरवरी 2026 में हुई थी. दोनों परिवार पुणे के मार्केट यार्ड इलाके के प्रतिष्ठित कारोबारी परिवारों में शामिल हैं. सगाई के बाद शादी की तैयारियां चल रही थीं और दोनों जून के पहले सप्ताह में प्रीवेडिंग शूट के लिए इंडोनेशिया के बाली जाने वाले थे. हालांकि यात्रा से ठीक पहले केतन का पासपोर्ट गायब हो गया, जिसके चलते पूरा प्लान रद्द करना पड़ा. पुलिस जांच में बाद में खुलासा हुआ कि सिया गोयल ने ही केतन का पासपोर्ट छिपाया था, ताकि वह बाली न जा सके.

हादसे पर परिवार को हुआ शक

शुरुआत में इसे एक दुर्घटना माना गया, लेकिन केतन के परिवार को घटना पर संदेह हुआ. परिजनों का कहना था कि केतन नियमित रूप से ट्रैकिंग और एडवेंचर गतिविधियों में हिस्सा लेते थे. ऐसे में उनका अचानक पहाड़ी से फिसलकर गिर जाना कई सवाल खड़े कर रहा था. परिवार की शिकायत के बाद पुलिस ने मामले की गहन जांच शुरू की. जांच में तकनीकी साक्ष्यों, कॉल डिटेल रिकॉर्ड , सोशल मीडिया गतिविधियों और अन्य डिजिटल सबूतों को खंगाला गया.

प्रेमी के साथ मिलकर रची गई थी हत्या की साजिश

जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि सिया गोयल का पिछले करीब एक साल से चेतन चौधरी नामक युवक के साथ प्रेम संबंध था. पुलिस का दावा है कि दोनों ने मिलकर केतन को रास्ते से हटाने की साजिश रची थी. पुलिस के अनुसार, बाली ट्रिप रद्द होने के बाद दोनों ने हत्या की योजना बनाई. पहले भी एक बार लोहागढ़ किले पर जाने की कोशिश की गई थी, लेकिन उस समय योजना को अंजाम नहीं दिया जा सका.

इसके बाद 18 जून को सिया गोयल दोबारा केतन को लेकर लोहागढ़ किले पहुंची. वहीं चेतन चौधरी भी अलग से वहां पहुंचा. पुलिस जांच के मुताबिक, किले की ऊंचाई पर पहुंचने के बाद दोनों आरोपियों ने मिलकर केतन पर हमला किया और फिर उसे किले से नीचे धक्का दे दिया, जिससे उसकी मौत हो गई.

इंस्टाग्राम स्टोरी डालकर छिपाने की कोशिश

पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि घटना के बाद किसी को शक न हो, इसके लिए सिया गोयल ने सोशल मीडिया पर भावुक पोस्ट साझा की थी. इंस्टाग्राम स्टोरी में उसने लिखा था कि “तुम मुझे मेरे बर्थडे पर छोड़कर चले गए.” पुलिस का मानना है कि यह पोस्ट लोगों का ध्यान भटकाने और घटना को सामान्य हादसा दिखाने की कोशिश का हिस्सा थी.

तकनीकी जांच से खुली पूरी साजिश

पुलिस ने इस मामले की तह तक पहुंचने के लिए तकनीकी जांच की. कॉल रिकॉर्ड, लोकेशन डेटा, सोशल मीडिया गतिविधियां और गोपनीय सूचनाओं के आधार पर पुलिस इस निष्कर्ष पर पहुंची कि यह कोई दुर्घटना नहीं बल्कि सुनियोजित हत्या थी. पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की. अधिकारियों के अनुसार, पूछताछ में दोनों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया. इसके बाद लोनावाला ग्रामीण पुलिस थाने में हत्या का मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई.

पिता बोले शादी नहीं करनी थी तो मना कर देती

मृतक के पिता विशाल अग्रवाल ने कहा कि यदि सिया शादी नहीं करना चाहती थी तो सीधे मना कर सकती थी. परिवार तुरंत यह रिश्ता समाप्त कर देता. उन्होंने कहा कि किसी युवक की जान लेना बेहद क्रूर और अमानवीय कृत्य है. यह समाज के लिए चिंता और आत्ममंथन का विषय है कि आखिर ऐसी मानसिकता कैसे विकसित हो रही है?

फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई की मांग

विशाल अग्रवाल ने राज्य सरकार से मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराने की मांग की है. उनका कहना है कि आरोपियों को जल्द से जल्द कड़ी सजा मिलनी चाहिए, ताकि समाज में एक सख्त संदेश जाए और भविष्य में कोई भी इस तरह के जघन्य अपराध को अंजाम देने की हिम्मत न कर सके. फिलहाल पुलिस दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है और मामले के सभी पहलुओं की जांच जारी है. प्रारंभिक जांच में यह मामला प्रेम संबंध, विश्वासघात और सुनियोजित हत्या की साजिश का प्रतीक बनकर सामने आया है.