‘लड़कियों को रेप में मजा आता है’, विवादित बयान देने वाले टीजी मोहनदास के खिलाफ केस दर्ज

‘लड़कियों को रेप में मजा आता है’, विवादित बयान देने वाले टीजी मोहनदास के खिलाफ केस दर्ज

पॉलिटिकल कमेंटेटर TG मोहनदास ने दिल्ली में हुए छात्र आंदोलन को लेकर विवादित बयान दिया है। इस मामले में केरल पुलिस की साइबर क्राइम विंग ने मामला दर्ज कर लिया है।

‘लड़कियों को रेप में मजा आता है’, विवादित बयान देने वाले टीजी मोहनदास के खिलाफ केस दर्ज

राइटविंग पॉलिटिकल कमेंटेटर TG मोहनदास ने दिल्ली में NEET पेपर लीक के आरोपों को लेकर छात्रों के प्रोटेस्ट पर विवादित बयान देने के मामले में केस दर्ज हुआ है

न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, ‘यूट्यूब पर शेयर किए गए वीडियो में मोहनदास ने कहा कि दिल्ली में छात्रों के प्रोटेस्ट से गैंग रेप की घटनाएं हो सकती हैं।’

मोहनदास ने वीडियो में कहा कि इन रेप मामलों पर कोई शिकायत भी नहीं होगी क्योंकि प्रोटेस्ट में शामिल लोगों को रेप पसंद है और ऐसी लड़कियां हैं जिन्हें रेप में मजा आता है।’

साइबर पुलिस ने दर्ज किया मामला

केरल पुलिस की साइबर क्राइम विंग ने आज बुधवार को इस मामले में TG मोहनदास के खिलाफ केस दर्ज किया है। FIR में भारतीय न्याय संहिता की धारा 192 और 353 , इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी एक्ट की धारा 66 और केरल पुलिस एक्ट की धारा 120 लगाई गई हैं।

दर्ज FIR के मुताबिक, यह केस एक शिकायत के बाद दर्ज किया गया। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि मोहनदास के YouTube चैनल ‘पत्रिका’ पर अपलोड किए गए वीडियो का मकसद सार्वजनिक शांति भंग करना और डर व अशांति पैदा करना था।

दिल्ली में हुए प्रोटेस्ट पर मोहनदास ने वीडियो में कहा, ‘अगर वे इंचार्ज होते, तो कर्फ्यू लगा देते, प्रोटेस्ट करने वालों को हटने का आदेश देते और अगर वे मना करते, तो गोली चलवा देते।’

मोहनदास ने यहां तक कहा, ‘भले ही कुछ लोग मारे जाते या हमेशा के लिए घायल हो जाते, लेकिन स्थिति कुछ ही घंटों में काबू में आ जाती और शवों को अस्पतालों में भेज दिया जाता।’

शांति भंग करने के इरादे से शेयर किया वीडियो

पुलिस का आरोप है कि दिल्ली के जंतरमंतर पर प्रोटेस्ट में शामिल लोगों के बीच डर फैलाकर सार्वजनिक शांति भंग करने और अशांति पैदा करने के इरादे से 24 और 25 जुलाई को ये वीडियो अपलोड और शेयर किए गए थे।

FIR के मुताबिक, साइबर पुलिस को 29 जुलाई को ईमेल के जरिए मोहनदास के खिलाफ शिकायत मिली थी और क्राइम नंबर 95/2026 दर्ज करने से पहले इसे स्टेशन पिटीशन रजिस्टर में दर्ज किया गया था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *