
लखनऊ। लखनऊकानपुर एक्सप्रेसवे के निर्माण की गुणवत्ता और टेंडर प्रक्रिया को लेकर सवाल उठने लगे हैं। उत्तर प्रदेश विधान परिषद के पूर्व सदस्य और विनियमन समीक्षा समिति के पूर्व चेयरमैन दीपक सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर इस पूरे मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया कि एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के कुछ ही दिनों बाद सड़क की गुणवत्ता को लेकर शिकायतें सामने आना गंभीर विषय है। उन्होंने कहा कि करोड़ों रुपये की लागत से बनी इस महत्वपूर्ण परियोजना की निष्पक्ष और स्वतंत्र जांच जरूरी है।
निर्माण गुणवत्ता की तकनीकी जांच की मांग
मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में दीपक सिंह ने मांग की है कि लखनऊकानपुर एक्सप्रेसवे की निर्माण गुणवत्ता की स्वतंत्र तकनीकी जांच कराई जाए। उन्होंने कहा कि परियोजना में खर्च किए गए जनता के धन की पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए जांच आवश्यक है। उन्होंने मीडिया रिपोर्टों का हवाला देते हुए निर्माण एजेंसी पीएनसी से जुड़े कथित राजनीतिक संबंधों और हितों के टकराव के मुद्दे पर भी सवाल उठाए हैं।
टेंडर प्रक्रिया की निष्पक्षता पर उठाए सवाल
दीपक सिंह ने पत्र में टेंडर और ठेका प्रक्रिया की स्वतंत्र जांच की मांग की है। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि परियोजना से जुड़े कुछ पहलुओं की निष्पक्ष समीक्षा जरूरी है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि पूरी प्रक्रिया में किसी तरह की अनियमितता या प्रभाव का इस्तेमाल तो नहीं हुआ। उन्होंने मांग की कि परियोजना में शामिल अधिकारियों और निर्माण एजेंसी की जिम्मेदारी तय की जाए।
दोषियों पर कार्रवाई की मांग
पूर्व एमएलसी ने कहा कि यदि जांच में किसी भी स्तर पर गड़बड़ी या अनियमितता सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि लखनऊकानपुर एक्सप्रेसवे जनता के धन से बनी एक महत्वपूर्ण परियोजना है, इसलिए इसकी गुणवत्ता और पारदर्शिता से किसी भी तरह का समझौता नहीं होना चाहिए।