
अमृत विचार, संभल : प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना में फर्जी दस्तावेजों के जरिये सरकारी धन हड़पने वाला एक अंतरराज्यीय बीमा गिरोह पकड़ा गया है। संभल पुलिस ने गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दो भाईबहनों समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरोह का सरगना सत्यप्रकाश फरार है। रजपुरा थाना क्षेत्र में हुई इस कार्रवाई ने इलाके में हलचल मचा दी है।
पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने बताया कि गिरोह का तरीका बेहद शातिर था। आरोपी पहले मृत लोगों को कागजों में जीवित दिखाकर उनके नाम से बैंक खाते खुलवाते थे। इसके लिए फर्जी आधार कार्ड और अन्य दस्तावेज तैयार कराए जाते थे। इसके बाद उन्हीं व्यक्तियों के फर्जी मृत्यु प्रमाणपत्र बनवाकर प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के तहत दो लाख रुपये के बीमा क्लेम के लिए आवेदन किया जाता था।
मुर्दों को जिंदा करके मारने का खेल
जांच में सामने आया कि वर्ष 2021 में मृत हो चुकी महिला को वर्ष 2023 में कागजों में जीवित दर्शाते हुए उसके नाम से बैंक खाता खोला गया। इसके बाद फर्जी आधार कार्ड और फर्जी मृत्यु प्रमाणपत्र के आधार पर दो लाख रुपये का बीमा क्लेम लगाया गया। बैंक स्तर पर क्लेम की प्रक्रिया पूरी हो चुकी थी, लेकिन समय रहते सूचना मिलने पर भुगतान रोक दिया गया।
एसपी ने बताया कि गिरोह का सरगना सत्यप्रकाश पहले भी संभल और बदायूं में इस तरह की धोखाधड़ी की घटनाओं को अंजाम दे चुका है। मामले की गंभीरता को देखते हुए वर्ष 2024 से अब तक प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के तहत स्वीकृत सभी बीमा दावों की दोबारा जांच कराने के निर्देश दिए गए हैं। इस मामले में पुलिस ने मोहित, उसकी बहन शालू व तेजपाल निवासी कल्हा थाना धनारी को गिरफ्तार किया है।