Quick Samachar: Vaibhav Sooryavanshi: भारत ए और श्रीलंका ए के बीच एक रोमांचक मुकाबला खेला गया. ट्राई सीरीज के इस मुकाबले में भारतीय टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 265 रन बनाए, जिसके जवाब में श्रीलंका की टीम भी 265 रन बनाने में सफल रही. भारत ए और श्रीलंका ए का ये मैच टाई रहा, जिसके बाद इसका फैसला सुपर ओवर में हुआ.

“श्रीलंकाई खिलाड़ी को तमीज सीखना चाहिए..” वैभव सूर्यवंशी से क्यों हुआ श्रीलंकाई खिलाड़ियों का झगड़ा, भारतीय कोच ने कही ये बात​
“श्रीलंकाई खिलाड़ी को तमीज सीखना चाहिए..” वैभव सूर्यवंशी से क्यों हुआ श्रीलंकाई खिलाड़ियों का झगड़ा, भारतीय कोच ने कही ये बात​

भारतीय टीम को सुपर ओवर में हार का सामना करना पड़ा, जिसके बाद टीम इंडिया के ओपनर बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी और श्रीलंकाई खिलाड़ी विशेन हलम्बगे के बीच हाथापाई हुई. अब इस मामले पर भारतीय टीम के कोच ने इस मामले पर बात की है.

Vaibhav Sooryavanshi और विशेन हलम्बगे के बीच हुई हाथापाई

भारतीय टीम के स्टार खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी और सूर्यांश शेडगे जब सुपर ओवर में हार के बाद पवेलियन लौट रहे थे, इस दौरान श्रीलंका के एक खिलाड़ी ने कहा कि “मैच खत्म हो गया, अब घर जाओ” इस पर वैभव सूर्यवंशी वापस मुड़े और श्रीलंकाई खिलाड़ी विशेन हलम्बगे को धक्का मारा, जवाब में श्रीलंकाई खिलाड़ी ने भी धक्का मारा.

इसके बाद इस मामले ने काफी तूल पकड़ा और इस मैच को लेकर काफी बवाल हो रहा है. इस मामले पर हर कोई अपनी प्रतिक्रिया दे रहा है. इसी मामले में भारतीय टीम के मुख्य गेंदबाजी कोच साईराज बहुताले ने अपनी प्रतिक्रिया दी है. साईराज बहुताले ने भारत और अफगानिस्तान के बीच होने वाले मैच से पहले इस पर अपनी प्रतिक्रिया दी है.

साईराज बहुताले ने श्रीलंकाई खिलाड़ियों को तमीज सीखने की दी सलाह

भारतीय टीम के स्पिन गेंदबाजी कोच साईराज बहुताले ने काफी समय तक वैभव सूर्यवंशी के साथ काम किया है. वो वैभव को काफी अच्छे से जानते हैं और उन्हें काफी शांत खिलाड़ी बताया है. भारत और अफगानिस्तान मैच से पहले प्रेस कांफ्रेंस में साईराज बहुताले ने कहा कि

“यह एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना थी, लेकिन हमें नहीं पता कि उसे कैसे उकसाया गया, क्योंकि मैं उसे जानता हूं और वैभव बहुत शांत स्वभाव का लड़का है. मुझे यकीन है कि वहां अनुभवी कोच हैं, जो उसका सही मार्गदर्शन करेंगे.”

साईराज बहुताले ने आगे कहा कि

“श्रीलंकाई खिलाड़ियों को भी सिखाया जाना चाहिए कि मैदान पर कैसा व्यवहार करना चाहिए.”