
बाराबंकी, अमृत विचार। खरीफ सीजन के दौरान बाराबंकी में खाद की कालाबाजारी, ओवररेटिंग और किसानों को मांग के अनुरूप उर्वरक उपलब्ध न होने की लगातार मिल रही शिकायतों को जिला प्रशासन ने गंभीरता से लिया। बुधवार को सभी तहसील क्षेत्रों में उपजिलाधिकारियों के नेतृत्व में गठित टीमों ने साधन सहकारी समितियों और निजी खाद दुकानों पर औचक छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान एक खाद विक्रेता का लाइसेंस निरस्त किया गया, जबकि एक किसान से वसूली गई अतिरिक्त धनराशि मौके पर वापस कराई गई। अधिकारियों ने किसानों से सीधे संवाद कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और अनियमितता मिलने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी।
रामनगर में लाइसेंस निरस्त, किसान को वापस मिले अतिरिक्त रुपये
रामनगर : बुधवार को एसडीएम आकांक्षा गुप्ता और नोडल अधिकारी कृषि डॉ. दलवीर सिंह ने क्षेत्र की समितियों व खाद की दुकानों का निरीक्षण किया। लापरवाही मिलने पर बुढ़वल चौराहा स्थित दीक्षित खाद भंडार का बिक्री प्राधिकार पत्र निरस्त कर दिया गया। निर्धारित मूल्य से अधिक दर पर बिक्री को लेकर दुकानदारों को कड़ी चेतावनी दी गई। इसी क्रम में दुर्गा खाद भंडार पर डीएपी अधिक दाम में बेचने की शिकायत सही मिलने पर किसान सत्यदेव शुक्ला को मौके पर बुलाकर अतिरिक्त वसूली गई राशि वापस कराई गई। हालांकि दुकानदार के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई। टीम ने ने स्पष्ट किया कि टैगिंग या अधिक कीमत पर उर्वरक बिक्री पाए जाने पर लाइसेंस तत्काल निरस्त किया जाएगा। कृषि खुशहाली केंद्र को स्टाक बोर्ड लगाने और उर्वरक दरों की वाल पेंटिंग कराने के निर्देश दिए गए।
सिरौलीगौसपुर में स्टॉक और रेट लिस्ट की जांच
सिरौलीगौसपुर : एसडीएम अनिल कुमार सरोज ने क्षेत्र की बरौलिया सहकारी समिति और कई निजी खाद दुकानों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उनके साथ एडीओ कॉपरेटिव आशीष वर्मा, एडीओ कृषि रंजीत वर्मा और पुलिस बल भी मौजूद था। एसडीएम ने खाद की उपलब्धता, स्टॉक रजिस्टर, बिक्री रसीद और रेट लिस्ट की गहन जांच की और दुकानदारों को सख्त निर्देश दिए कि किसानों को निर्धारित दर पर ही खाद उपलब्ध कराई जाए। कालाबाजारी, ओवररेटिंग या जबरन टैग बेचने पर कड़ी कार्रवाई तय है। सहकारी समिति के प्रभारियों को निर्देश दिए गए कि किसानों की मांग के अनुसार पर्याप्त खाद का स्टॉक सुनिश्चित किया जाए और वितरण में पूरी पारदर्शिता बरती जाए। शिकायत मिलने पर तत्काल जांच कर कार्रवाई करने के आदेश भी दिए गए।
हैदरगढ़ में सर्वर धीमा होने से प्रभावित मिला वितरण
उपजिलाधिकारी अश्वनी कुमार सिंह ने सीओ समीर कुमार सिंह व एडीओ कॉपरेटिव मनोज मिश्रा के साथ क्षेत्र की साधन सहकारी समितियों का निरीक्षण किया। टीम ने साधन सहकारी समिति लिल्हौरा और सिकंदरपुर में किसानों से सीधे बातचीत की और खाद उपलब्धता व वितरण की स्थिति की जानकारी ली। किसानों ने टीम को बताया कि खाद वितरण में देरी हो रही है। कारण पूंछे जाने पर सहकारी समिति लिल्हौरा के सचिव राजेश सिंह ने बताया कि गोदाम में खाद पर्याप्त मात्रा में है, लेकिन सर्वर धीमा चलने के कारण वितरण प्रक्रिया प्रभावित है। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। सर्वर की समस्या दूर होते ही वितरण सामान्य हो जाएगा। एसडीएम ने निर्देश दिए कि किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराई जाए और वितरण में किसी प्रकार की अनावश्यक देरी न हो। उन्होंने कहा कि किसानों को खाद प्राप्त करने में कोई दिक्कत नहीं होनी चाहिए।
रामसनेहीघाट में पीओएस मशीन की तकनीकी दिक्कत मिली
रामसनेहीघाट में एसडीएम बृजेन्द्र उपाध्याय ने दरियाबाद, बनीकोडर और पूरेडलई ब्लॉक की विभिन्न साधन सहकारी समितियों का निरीक्षण किया। इस दौरान मियागंज, बनीकोडर और उदईमऊ समितियों में पीओएस मशीन की तकनीकी खराबी के कारण खाद वितरण प्रभावित मिला। अधिकारियों को तत्काल मशीनें ठीक कराने के निर्देश दिए गए। प्रशासन ने कहा कि सभी समितियों में पर्याप्त खाद उपलब्ध है और किसानों को अफवाहों पर ध्यान देने की जरूरत नहीं है।
प्रशासन की चेतावनी
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि खाद की कालाबाजारी, ओवररेटिंग, टैगिंग या किसानों के साथ किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर संबंधित विक्रेताओं और समितियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।