
लखनऊ/लखीमपुर खीरी। उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स ने सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और अधिक कमाई का लालच देकर साइबर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। कार्रवाई के दौरान गिरोह के चार सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के कब्जे से 324 सिम कार्ड, आठ मोबाइल फोन, फिंगरप्रिंट डिवाइस, एटीएम कार्ड, नकदी समेत बड़ी मात्रा में आपत्तिजनक सामग्री बरामद हुई है।
एसटीएफ के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अभिषेक वर्मा निवासी सीतापुर, नीरज वर्मा, रवि दीप कुमार और आदेश वर्मा निवासी लखीमपुर खीरी के रूप में हुई है। चारों को 9 जुलाई की रात कोतवाली सदर क्षेत्र स्थित आवास विकास कॉलोनी से गिरफ्तार किया गया।
लालच देकर बनवाते थे सिम और यूपीआई आईडी
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने या अधिक मुनाफा कमाने का झांसा देते थे। इसके बाद उनके नाम पर सिम कार्ड एक्टिवेट कराकर उन्हें एनएसडीएल खाते से लिंक किया जाता था। इन्हीं सिम के जरिए यूपीआई आईडी तैयार कर विभिन्न गेमिंग एप के माध्यम से साइबर ठगी और संदिग्ध वित्तीय लेनदेन किए जाते थे। एसटीएफ को इस गिरोह की गतिविधियों की सूचना काफी समय से मिल रही थी। अपर पुलिस अधीक्षक अवनीश्वर चंद्र श्रीवास्तव के पर्यवेक्षण में गठित टीम ने खुफिया सूचना के आधार पर कार्रवाई कर आरोपियों को दबोच लिया।
क्याक्या हुआ बरामद?
गिरफ्तार आरोपियों के पास से पुलिस ने 324 सिम कार्ड, आठ मोबाइल फोन, एक फिंगरप्रिंट मशीन, छह एटीएम कार्ड, दो आधार कार्ड, एक पैन कार्ड, एक फोनपे आईडी कार्ड, दो मोटरसाइकिल और 58 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं। बरामद सामग्री से बड़े साइबर ठगी नेटवर्क के संचालन की आशंका जताई जा रही है। एसटीएफ की तहरीर पर कोतवाली सदर, लखीमपुर खीरी में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं और आईटी एक्ट की धारा 66 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की आगे की जांच स्थानीय पुलिस कर रही है।