
लखनऊ, अमृत विचार : मोहनलालगंज क्षेत्र की अचल संपत्तियों के लेखपत्रों का पंजीकरण 10 अगस्त से लखनऊ सदर के उप निबंधक कार्यालयों में भी कराया जा सकेगा। प्रदेश सरकार ने जनसुविधा को ध्यान में रखते हुए समवर्ती क्षेत्राधिकार की व्यवस्था लागू करने का फैसला किया है।
अपर महानिरीक्षक निबंधन निरंजन कुमार ने बताया कि यह सुविधा पूरी तरह ऐच्छिक होगी। यदि पक्षकार सदर कार्यालय का विकल्प चुनते हैं तो सॉफ्टवेयर के माध्यम से सदर स्थित पांच उप निबंधक कार्यालयों में से किसी एक में रैंडम आधार पर स्लॉट आवंटित किया जाएगा। यह प्रक्रिया ऑटो जनरेट नहीं होगी, बल्कि पक्षकार की सहमति पर आधारित रहेगी।
अपर महानिरीक्षक ने बताया कि मोहनलालगंज उप निबंधक कार्यालय में हर महीने 2500 से अधिक लेखपत्रों का पंजीकरण होता है, जबकि सदर के कार्यालयों में औसतन 820 पंजीकरण ही होते हैं। अधिक कार्यभार के कारण मोहनलालगंज में ऑनलाइन अपॉइंटमेंट जल्दी भर जाते हैं और लोगों को कई दिन इंतजार करना पड़ता है।
नई व्यवस्था लागू होने से नागरिक अपनी सुविधा के अनुसार नजदीकी कार्यालय में पंजीकरण करा सकेंगे। इससे समय और खर्च दोनों की बचत होगी तथा वृद्ध और दूरदराज के लोगों को विशेष राहत मिलेगी। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। सरकार का दावा है कि कार्यभार का संतुलित वितरण होने से लंबित मामलों में कमी आएगी, सेवा की गुणवत्ता सुधरेगी और बिचौलियों की भूमिका भी सीमित होगी। साथ ही राजस्व संग्रह बढ़ने के साथ लोगों को तेज, पारदर्शी और सुगम पंजीकरण सुविधा मिलेगी।