Sitapur BJP MLA Case: उत्तर प्रदेश के सीतापुर से भाजपा विधायक ज्ञान तिवारी ने अपने समधी अनुज त्रिवेदी की गिरफ्तारी के बाद पहली बार पूरे मामले पर खुलकर बात की। गुरुवार को विधायक अपनी बेटी डॉ. प्रज्ञा तिवारी के साथ फेसबुक लाइव आए। इस दौरान दोनों भावुक हो गए और रो पड़े।

क्या है मामला
सेउता विधानसभा सीट से विधायक ज्ञान तिवारी ने कहा कि वह इस मामले में विधायक के तौर पर नहीं, बल्कि एक पिता के रूप में अपनी बेटी के लिए बोल रहे हैं। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपनी बेटी को पढ़ाकर एमबीबीएस डॉक्टर बनाया और 2024 में उसकी शादी अनुज त्रिवेदी के बेटे प्रखर त्रिवेदी से की थी। उस समय परिवार के बारे में कई लोगों से जानकारी ली गई थी, लेकिन बाद में जो बातें सामने आईं, उससे पूरा परिवार खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहा है।
‘हमें नहीं पता था कि परिवार ऐसा निकलेगा’
विधायक ने कहा, शादी के समय जिन लोगों ने परिवार के बारे में बताया, उन्होंने कहा था कि यह अच्छा परिवार है। हमें क्या पता था कि बाद में ऐसी बातें सामने आएंगी। उन्होंने बताया कि शादी से पहले परिवार की ओर से अनुज त्रिवेदी के रियल एस्टेट कारोबार में होने की जानकारी दी गई थी। विधायक के मुताबिक, उन्होंने कई लोगों से पूछताछ करने के बाद ही बेटी की शादी तय की थी। इनमें पूर्व सांसद जनार्दन मिश्रा से ली गई जानकारी भी शामिल थी।
विधायक ने कहा कि आज उन्हें लगता है कि बेटी के लिए परिवार चुनते समय उनसे कहीं न कहीं चूक हुई। उन्होंने कहा कि बेटी को डॉक्टर बनाने के बाद उन्हें उम्मीद थी कि उसका वैवाहिक जीवन भी अच्छा रहेगा, लेकिन परिस्थितियां बिल्कुल अलग निकलीं।
‘बेटी चाहेगी तो अनुज के खिलाफ FIR कराऊंगा’
ज्ञान तिवारी ने कहा कि उन्हें जानकारी मिली है कि अनुज त्रिवेदी के खिलाफ अलगअलग नामों से कई मामले दर्ज रहे हैं और वह पहले भी जेल जा चुका है। उन पर कई महिलाओं से शादी करने और उनके साथ आर्थिक धोखाधड़ी करने के आरोप हैं। विधायक ने कहा, अगर मेरी बेटी चाहेगी तो मैं भी अनुज त्रिवेदी के खिलाफ FIR दर्ज कराऊंगा। उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। अगर उसके बेटे की भी इस मामले में कोई भूमिका सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए। इस दौरान विधायक काफी भावुक नजर आए। उनके साथ बैठी उनकी बेटी डॉ. प्रज्ञा तिवारी भी रोने लगीं।
‘जब तक मैं जिंदा हूं, बेटी मेरे साथ रहेगी’
विधायक ने अपनी बेटी के भविष्य को लेकर भी भावुक बात कही। उन्होंने कहा कि उनकी बेटी पढ़ीलिखी है और अपने पैरों पर खड़ी है। वह एमबीबीएस डॉक्टर है और खुद अपना जीवन चला सकती है। उन्होंने कहा, मैं उसके लिए अलग घर बनवाऊंगा। जब तक मैं जिंदा हूं, मेरी बेटी मेरे साथ रहेगी। यह मेरा वचन है। ज्ञान तिवारी ने साफ कहा कि अब उनका अनुज त्रिवेदी के परिवार से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने कहा कि 2024 में शादी से पहले उनका उस परिवार से कोई व्यक्तिगत परिचय भी नहीं था।
अनुज त्रिवेदी पर 25 महिलाओं से शादी और करोड़ों की ठगी का आरोप
दरअसल, महाराष्ट्र पुलिस ने 24 मई 2026 को अनुज त्रिवेदी को ग्रेटर नोएडा से गिरफ्तार किया था। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। पुलिस के मुताबिक, वह अलगअलग नाम और पहचान का इस्तेमाल कर रहा था। उस पर वैवाहिक विज्ञापनों के जरिए महिलाओं से संपर्क करने, शादी का झांसा देने और बाद में उनसे करोड़ों रुपये की ठगी करने का आरोप है।
पुलिस के अनुसार, अनुज ने कथित तौर पर अजय अग्रवाल, अजय, संतोष सिंह, जयप्रकाश और रमेश चंद्र गुप्ता समेत कई नामों का इस्तेमाल किया। उस पर करीब 25 महिलाओं से शादी करने का आरोप है।
मामले की जांच महाराष्ट्र पुलिस कर रही है। पुलिस के मुताबिक, मामले में पहली शिकायत 4 मार्च 2022 को महाराष्ट्र के ठाणे जिले के नयानगर थाने में दर्ज की गई थी। शिकायत एक 75 वर्षीय महिला ने की थी। आरोप था कि वैवाहिक विज्ञापन के जरिए अनुज ने उनकी 45 वर्षीय बेटी से संपर्क किया और बाद में शादी कर धोखाधड़ी की।
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अब बेटी के साथ खड़े हैं विधायक
पूरे मामले के सामने आने के बाद विधायक ज्ञान तिवारी ने कहा कि उनकी प्राथमिकता अब उनकी बेटी है। उन्होंने कहा कि बेटी के साथ जो भी हुआ, उसके लिए वह उसके साथ मजबूती से खड़े हैं और अगर कानून के तहत शिकायत दर्ज कराने की जरूरत पड़ी तो वह पीछे नहीं हटेंगे। विधायक ने यह भी कहा कि महिलाओं को शादी के नाम पर कथित तौर पर ठगने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि भविष्य में किसी और परिवार को ऐसी स्थिति का सामना न करना पड़े।
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