
लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई उत्तर प्रदेश कैबिनेट बैठक में वर्ष 202526 के लिए मेधावी छात्राओं को प्रोत्साहित करने वाली नई स्कूटी योजना को मंजूरी दे दी गई। इस योजना का उद्देश्य छात्राओं को उच्च शिक्षा तक सुरक्षित और सुगम परिवहन उपलब्ध कराना तथा उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है।
उच्च शिक्षा राज्यमंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने बताया कि इस योजना से प्रदेश की करीब 50 हजार मेधावी छात्राएं लाभान्वित होंगी। योजना का लाभ राज्य विश्वविद्यालयों, राजकीय, सहायता प्राप्त और निजी महाविद्यालयों में अध्ययनरत पात्र छात्राओं को मिलेगा।
सरकार के अनुसार प्रत्येक शिक्षण संस्थान से निर्धारित संख्या में छात्राओं का चयन मेरिट के आधार पर किया जाएगा। योजना का लाभ पाने के लिए छात्रा के परिवार की वार्षिक आय 12 लाख रुपये से कम होना अनिवार्य होगा।
योजना के तहत केवल स्कूटी ही नहीं, बल्कि छात्राओं को वाहन बीमा, आईएसआई मानक का हेलमेट, स्कूटी का पंजीकरण, 5 लीटर पेट्रोल और ड्राइविंग लाइसेंस की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। स्कूटी वितरण से पहले पात्र छात्राओं का ड्राइविंग लाइसेंस बनवाया जाएगा।
सरकार ने योजना में दिव्यांग, निराश्रित और शहीद परिवारों की पात्र मेधावी छात्राओं को भी शामिल करने का प्रावधान किया है। पंजीकरण और चयन की पूरी प्रक्रिया सरकार के निर्धारित ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से संपन्न होगी।
सरकार का मानना है कि यह योजना छात्राओं की शिक्षा तक पहुंच आसान बनाने के साथसाथ उन्हें आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।