
लखनऊ। अगर आप उत्तर प्रदेश में घर खरीदने की सोच रहे हैं या रियल एस्टेट में निवेश करना चाहते हैं, तो आपके लिए अच्छी खबर है। उत्तर प्रदेश का प्रॉपर्टी बाजार लगातार मजबूत हो रहा है। इसकी सबसे बड़ी वजह है नई परियोजनाओं की बढ़ती संख्या, निवेशकों का बढ़ता भरोसा और घर खरीददारों को मिल रही सुरक्षा।
उत्तर प्रदेश रेरा की 2026 की पहली छमाही की रिपोर्ट बताती है कि सिर्फ छह महीनों में 143 नई रियल एस्टेट परियोजनाएं पंजीकृत हुई हैं। इन परियोजनाओं में 46,049 नए घर बनाए जाएंगे और करीब 31,952 करोड़ रुपये का निवेश होगा।
सबसे ज्यादा प्रोजेक्ट लखनऊ में, निवेश में नोएडा आगे
रिपोर्ट के मुताबिक इस बार लखनऊ सबसे बड़ा रियल एस्टेट सेंटर बनकर उभरा है। यहां छह महीने में 37 नई परियोजनाएं शुरू हुईं, जो प्रदेश में सबसे अधिक हैं।
हालांकि, गौतमबुद्ध नगर निवेश और आवासीय इकाइयों के मामले में अब भी शीर्ष पर बना हुआ है। यहां लक्जरी और सुपर लक्जरी हाउसिंग प्रोजेक्ट्स में सबसे ज्यादा निवेश हो रहा है।
किन शहरों में शुरू हुईं नई परियोजनाएं?
नई परियोजनाएं लखनऊ, गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, आगरा, मथुरा, वाराणसी, बाराबंकी, प्रयागराज, झांसी और गोरखपुर समेत कई शहरों में शुरू हुई हैं। इससे साफ है कि अब रियल एस्टेट का विकास सिर्फ एनसीआर तक सीमित नहीं रहा।
पिछले तीन साल में लगातार बढ़ा बाजार
रिपोर्ट बताती है कि उत्तर प्रदेश का रियल एस्टेट सेक्टर लगातार नई ऊंचाइयों पर पहुंच रहा है।
2023: 197 परियोजनाएं
2024: 259 परियोजनाएं
2025: 308 परियोजनाएं
इसी तरह नए घरों और निवेश में भी हर साल बढ़ोतरी दर्ज की गई है। वर्ष 2023 से अब तक 2.55 लाख से अधिक आवासीय इकाइयां बाजार में लाई जा चुकी हैं।
जनवरीजून 2026 में परियोजनाओं की स्थिति
| क्रमांक | शहर | परियोजनाएं | निवेश | आवासीय इकाइयां |
|---|---|---|---|---|
| 1 | लखनऊ | 37 | 3,834 | 9,872 |
| 2 | गौतम बुद्ध नगर | 27 | 15,678 | 13,160 |
| 3 | गाजियाबाद | 19 | 6,989 | 9,500 |
| 4 | आगरा | 10 | 1,034 | 3,567 |
| 5 | मथुरा | 10 | 698 | 1,807 |
| 6 | वाराणसी | 7 | 715 | 655 |
| 7 | बाराबंकी | 3 | 428 | 815 |
| 8 | प्रयागराज | 3 | 292 | 410 |
| 9 | झांसी | 3 | 105 | 245 |
| 10 | गोरखपुर | 2 | 71.5 | 474 |
घर खरीददारों को मिली बड़ी राहत
रेरा ने उन लोगों को भी राहत पहुंचाई, जिनका पैसा लंबे समय से फंसा हुआ था।
8,212 मामलों में 2,173.78 करोड़ रुपये घर खरीददारों को वापस दिलाए गए।
11,558 मामलों में 6,032.42 करोड़ रुपये मूल्य के संपत्ति विवादों का समाधान किया गया।
इससे हजारों परिवारों को लंबी कानूनी प्रक्रिया और आर्थिक परेशानी से राहत मिली।
ऑनलाइन शिकायतों का भी तेजी से समाधान
कोविड19 के दौरान शुरू किया गया ‘रेरा संवाद’ अब भी लोगों के लिए मददगार साबित हो रहा है। अब तक 206 ऑनलाइन सत्रों में 5,375 शिकायतों का समाधान किया जा चुका है।
रेरा अध्यक्ष ने क्या कहा?
उत्तर प्रदेश रेरा के अध्यक्ष संजय भूसरेड्डी ने कहा कि राज्य में घर खरीददारों और निवेशकों का भरोसा लगातार बढ़ रहा है। उनके मुताबिक पारदर्शी व्यवस्था, समय पर परियोजनाओं को पूरा कराने की कोशिश और प्रभावी शिकायत निस्तारण के कारण उत्तर प्रदेश देश के सबसे भरोसेमंद रियल एस्टेट बाजारों में शामिल हो रहा है।
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