
चित्रकूट, अमृत विचार : अपने दोस्त के साथ देवांगना घाटी घूमने आई छात्रा को बंधक बनाकर सामूहिक दुराचार की घटना ने एक बार फिर जिले को शर्मसार कर दिया। दोनों आरोपियों ने खुद को वन विभाग का कर्मचारी बताया था। अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक प्रयागराज जोन ज्योति नारायण ने गुरुवार को घटनास्थल का मुआयना किया और अधिकारियों को जल्द से जल्द आरोपियों को गिरफ्तार करने के निर्देश दिए।
जानकारी के अनुसार, मप्र क्षेत्र अंतर्गत निवासी एक 19 वर्षीया युवती अपने 17 साल के किशोर मित्र के साथ बुधवार की शाम देवांगना घाटी घूमने आई थी। वे लोग पहाड़ के पास एक चट्टान में बैठे थे कि वहां तीन युवक पहुंचे। भुक्तभोगियों के अनुसार, इन लोगों ने खुद को वनकर्मी बताया और वहां बैठने की वजह पूछी। इसके बाद इन लोगों ने धमकाया। इसके बाद किशोर मित्र को बंधक बनाकर वहीं डाल दिया और दो युवकों ने बारी बारी से युवती से दुराचार किया। इसके बाद दोनों धमकी देते हुए भाग गए। किशोर ने पुलिस को सूचना दी, जिस पर बहिलपुरवा थाना प्रभारी विवेक कुमार सिंह और पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे। एसओ ने वारदात की जानकारी अपने उच्चाधिकारियों को दी।
इस पर एसपी अरुण कुमार सिंह, एएसपी पीयूष कांत राय आदि मौके पर पहुंचे और भुक्तभोगी युवती और किशोर से जानकारी ली। युवती की तहरीर पर दो आरोपियों बहिलपुरवा थाने में गैंगरेप और मारपीट आदि की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। उधर, एडीजी प्रयागराज ज्योति नारायण ने डीआईजी राजेश एस और एसपी अरुण कुमार सिंह के साथ गुरुवार दोपहर घटनास्थल का मुआयना किया और दोषियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी के निर्देश दिए। आरोपियों की धरपकड़ के लिए विभिन्न थानों की लगभग छह टीमें बनाई गई हैं।