
‘हम नशे में थे, यात्रियों की गुहार के बावजूद हमने बस नहीं रोकी…’ यमुना एक्सप्रेसवे पर राज कल्पना ट्रेवल्स की स्लीपर बस में हुए भीषण अग्निकांड में गिरफ्तार ड्राइवर और कंडक्टर ने पुलिस पूछताछ में ये बात बताई है. दिल्ली के कश्मीरी गेट से महोबा जा रही इस बस में बुधवार रात करीब 11:30 बजे आग लगी थी. बस में करीब 35 यात्री सवार थे. हादसे में 9 यात्रियों की जलकर मौत हो गई. हालांकि, 20 से अधिक यात्री सुरक्षित बाहर निकल गए.
पुलिस की पूछताछ में ड्राइवर और कंडक्टर ने बताया कि दोनों ने फरार होने की कोशिश की. उन्होंने कथित तौर पर बताया कि उन्होंने शराब पी रखी थी और यात्रियों की गुहार के बावजूद बस चलती रही. उन्होंने पुलिस को यह भी बताया कि अगर समय रहते गाड़ी रोक दी जाती तो कई लोगों की जान बच सकती थी. पुलिस ने दोनों को शराब के नशे की हालत में पकड़ा है.
यात्रियों ने पहले ही दी थी जलने की गंध की सूचना
हादसे के पहले यात्रियों को बस के आगे की तरफ से जलने जैसी तेज गंध महसूस हुई थी. एफआईआर में यात्री सुनील कुमार की शिकायत के आधार पर आरोप है कि यात्रियों ने चालक और परिचालक को इसकी जानकारी देकर बस रोकने के लिए कहा, लेकिन बस तत्काल नहीं रोकी गई. वहीं, चालक-परिचालक के केबिन में बीड़ी-सिगरेट पीने का भी आरोप है. कुछ ही देर बाद चालक के पास से आग की लपटें उठीं और धुआं तेजी से पूरी बस में भरने लगा.
यात्रियों के मुताबिक, हालात बिगड़ते ही बस के भीतर चीख-पुकार मच गई. कई यात्रियों ने खिड़कियों के शीशे तोड़कर बाहर निकलने की कोशिश की. कुछ लोग बस के अंदर कूदकर बाहर आए. बाहर निकल चुके यात्रियों ने अंदर फंसे लोगों को बचाने के लिए आग बुझाने वाले सिलेंडर और दूसरे तरीकों से प्रयास भी किए, लेकिन आग और धुएं की तीव्रता के कारण कई यात्री बाहर नहीं निकल सके.
इन 9 यात्रियों की गई जान, 6 की हुई पहचान
हादसे में जान गंवाने वाले अब तक इन 6 लोगों की पहचान सामने आई है- श्रुति रावत, सरोज गुप्ता, मयंक गुप्ता, देवेंद्र सहाय, हरि शरण गुप्ता और उषा देवी. ये सभी अलग-अलग जनपदों के रहने वाले हैं. बाकी तीन मृतकों की पहचान के लिए पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की ओर से लगातार प्रयास किया जा रहा है.
इसके साथ ही हादसे में सुरक्षित बचे यात्रियों में, जिन्होंने कूदकर अपनी जान बचाई, चंद्रभान, गजराज, संदीप, सर्वेश, राममूर्ति, अंकित, विकास, मुकेश, ब्रजकिशोर, सुनील कुमार, सुनील सोनी, रविंद्र राजपूत, रिंकी राजपूत, वीरेंद्र कुमार सिंह, मानव द्विवेदी और विश्वामित्र यादव समेत कई यात्री शामिल बताए गए हैं. प्रशासन ने सुरक्षित यात्रियों के लिए बस की व्यवस्था कर उन्हें उनके गंतव्य की ओर रवाना किया.
चालक-परिचालक और बस से जुड़े सवालों की जांच
हादसे के बाद पुलिस ने चालक और परिचालक को गिरफ्तार किया है. अलग-अलग रिपोर्ट में बस के संचालन से जुड़े पवन कुमार, योगेश दीक्षित और परिचालक रोहित के नाम सामने आए हैं. ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। पुलिस यह जांच कर रही है कि हादसे के समय बस कौन चला रहा था और तीनों की वास्तविक भूमिका क्या थी.
वहीं, पुलिस बस के पुराने चालानों और उसके संचालन से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच कर रही है. फिलहाल शराब के नशे में होने और यात्रियों की गुहार के बावजूद बस नहीं रोकने के बारे में पुलिस पूछताछ में आरोपियों द्वारा जानकारी दिए जाने की बात सामने आई है.