
कानपुर, अमृत विचार। महाराजपुर क्षेत्र में बुधवार देर रात एक किसान की निर्मम हत्या कर दी गई। घटना अनिल सिंह भदौरिया के नलकूप पर हुई। मृतक की पहचान हरिमोहन यादव 55 वर्ष पुत्र भगवंत यादव निवासी गांव के रूप में हुई है। हरिमोहन अविवाहित थे और 4 भाइयों में सबसे बड़े थे।
परिजनों के मुताबिक हरिमोहन खेती के साथसाथ अनिल सिंह भदौरिया के नलकूप की देखरेख भी करते थे।नलकूप पर उनके रहनेखाने की पूरी व्यवस्था थी। बुधवार शाम 9 बजे घर से खाने के लिए फोन आया था, लेकिन उन्होंने मना कर दिया था। कहा था कि “कुछ लोग मिलने आ रहे हैं, यहीं खाना बना लेंगे।”
सुबह खेत में मिला शव
गुरुवार सुबह जब गांव के ही जीत सिंह और नरेश सहित अन्य किसान खेतों की तरफ गए तो उन्होंने जमीन पर हरिमोहन का शव पड़ा देखा। तुरंत इसकी सूचना परिजनों और पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही महाराजपुर पुलिस मौके पर पहुंची।
हत्या के बाद शव ले जाने का विरोध
पुलिस शव को पोस्टमार्टम के लिए ले जाने लगी तो परिजनों के साथ ग्रामीणों ने विरोध किया। उनका आरोप था कि बिना परिजनों की सहमति के शव न ले जाया जाए। काफी समझाने के बाद मामला शांत हुआ।
शराब की बोतलें मिलीं, 45 लोगों पर शक
प्रारंभिक जांच में पुलिस को नलकूप पर शराब की खाली बोतलें मिली हैं। परिजनों ने बताया कि बुधवार रात 4 से 5 लोग नलकूप पर आए थे। यहीं खानापीना हुआ। इसी दौरान हत्या की वारदात को अंजाम देकर सभी फरार हो गए।
DCP और फॉरेंसिक टीम मौके पर
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस उपायुक्त पूर्वी सत्यजीत गुप्ता भी मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से नमूने एकत्र किए और साक्ष्य जुटाए। मृतक की मां पुष्पा देवी सहित अन्य परिजनों का रोरोकर बुरा हाल है। भाई भगवान सिंह और जगनायक सिंह, अनिल सिंह ने कहा, “भाई सबसे बड़े थे, पूरे घर की जिम्मेदारी उन्हीं पर थी।