
पीलीभीत, अमृत विचार। बिलसंडा कस्बे में कपड़ा व्यापारी पप्पू गुप्ता की हत्या के मामले में वांछित इनामी आरोपी शिवम उर्फ सरबजीत सिंह की पुलिस मुठभेड़ में मौत के मामले की मजिस्ट्रियल जांच में प्रशासन ने एक बार फिर लोगों को बयान और साक्ष्य प्रस्तुत करने का मौका दिया है। घटना के संबंध में जानकारी रखने वाले 12 से 19 अगस्त तक सुबह 10 बजे से शाम पांच बजे तक जांच अधिकारी सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय में पहुंचकर बयान दर्ज करा सकते हैं।
बता दें कि 28 मई को बिलसंडा कस्बे में दिनदहाड़े कपड़ा व्यापारी पप्पू गुप्ता की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। हत्याकांड के बाद लखीमपुर खीरी के उचौलिया थाना क्षेत्र के नई बस्ती मोहनपुर ग्रंट निवासी शिवम उर्फ सरबजीत सिंह फरार था। पुलिस ने उस पर इनाम भी घोषित किया था। इसके बाद 27 जून की रात करीब 10 बजे पुलिस टीम संदिग्ध व्यक्तियों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान बाइक सवार दो संदिग्धों को पुलिस टीम ने रोकने का प्रयास किया। पुलिस के मुताबिक, दोनों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी। मुठभेड़ में शिवम उर्फ सरबजीत सिंह गोली लगने से घायल हो गया, जबकि उसका साथी मौके से फरार हो गया। मुठभेड़ के दौरान दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए थे।शिवम को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। जिला मजिस्ट्रेट के आदेश पर मुठभेड़ की मजिस्ट्रियल जांच शुरू कराई गई। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। जांच की जिम्मेदारी सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपी गई है।
पहले 9 जुलाई से 23 जुलाई तक घटना की जानकारी रखने वाले लोगों से सुबह 10 बजे से शाम पांच बजे तक कलेक्ट्रेट स्थित कार्यालय में उपस्थित होकर बयान और साक्ष्य प्रस्तुत करने की अपील की थी, लेकिन निर्धारित अवधि में कोई व्यक्ति बयान दर्ज कराने नहीं पहुंचा। अब प्रशासन ने दोबारा मौका दिया है। घटना की जानकारी रखने वाला कोई भी व्यक्ति 12 से 19 अगस्त तक अपना बयान दर्ज कराने के साथ ही साक्ष्य प्रस्तुत कर सकता है।
ये भी पढ़ें