
सना। यमन के ईरान समर्थित हूती लड़ाकों और सऊदी अरब की सेना के बीच लड़ाई जारी है। गुरुवार को सऊदी अरब के लड़ाकू विमानों ने हूती के ठिकानों पर दर्जनों हवाई हमले किए जबकि हूती ने सऊदी समर्थित यमन सरकार की सेना से कुछ और ठिकाने छीनकर लाल सागर से सटे देश के पूरे तटीय इलाके पर कब्जा कर लिया है।
लाल सागर के प्रवेश द्वार बाब-अल-मंदेब स्ट्रेट के करीबी द्वीपों पर हूती पहले ही कब्जा कर चुका है। इस प्रकार से विश्व के सबसे अहम समुद्री मार्गों में शुमार इस रास्ते से जहाजों का आवागमन अब हूती लड़ाकों की इच्छा पर निर्भर हो गया है।
हूती ने इस मार्ग से सऊदी अरब के जहाजों के गुजरने पर रोक लगा रखी है, बाकी देशों के व्यापारिक जहाजों का आवागमन सुचारु है।
देश छोड़कर भाग रहे नागरिक
हूती और सऊदी अरब समर्थित यमन सरकार की सेना के बीच जमीनी लड़ाई और सऊदी लड़ाकू विमानों के हमलों से बचने के लिए यमनी नागरिक देश छोड़कर भाग रहे हैं। ये लोग समुद्री मार्ग से अफ्रीकी देशों में पहुंच रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय प्रवासी संगठन के अनुसार पिछले हफ्ते लड़ाई शुरू होने के बाद एक लाख से ज्यादा नागरिक यमन छोड़कर अन्य देशों में जा चुके हैं। बुधवार को हूती ने सऊदी अरब के अमेरिका में निर्मित एफ-15 लड़ाकू विमान को मार गिराया था। ये खबर आप क्विक समाचार में पढ़ रहे हैं। शुक्रवार को उस विमान के टुकड़े उठाकर लड़ाके खुशी मनाते और अल्ला-हू-अकबर के नारे लगाते दिखाई-सुनाई दिए।
हमारे साथ समझौता करना चाहता ईरान
विश्व के दो प्रमुख समुद्री मार्गों-होर्मुज स्ट्रेट और बाब-अल-मंदेब स्ट्रेट के खतरे के साए में आने के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ युद्ध की समाप्ति के संकेत दिए हैं। ट्रंप ने कहा, ईरान हमारे साथ समझौता करना चाहता है। हम देख रहे हैं कि यह समझौता किस तरह से अंजाम तक पहुंचता है। उम्मीद है कि ईरान युद्ध जल्द खत्म हो जाएगा। विदित हो कि होर्मुज स्ट्रेट से आवागमन को लेकर अमेरिका और ईरान के बीच गतिरोध बना हुआ है, बाकी स्थानों पर दोनों ओर से हमले फिलहाल थमे हुए हैं।